हरियाणा में कर्मचारियों के हल्ला बोल प्रदर्शन के बाद प्रदेश सरकार ने मंगलवार को उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। इसमें सर्व कर्मचारी संघ का प्रतिनिधिमंडल वार्ता के लिए शामिल होगा। बैठक सीएम के प्रधान सचिव वी. उमाशंकर लेंगे। इसमें आठ विभागों के अतिरिक्त मुख्य सचिव और प्रधान सचिव संघ की मांगों पर अब तक हुई कार्रवाई की रिपोर्ट साथ लेकर आएंगे।
दोपहर बारह बजे से सचिवालय में होने वाली बैठक में कर्मचारियों की नीतिगत मांगों पर विस्तार से चर्चा होगी। इसमें विकास एवं पंचायत विभाग, वन एवं वन्य प्राणी विभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, वित्त विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव और उच्चतर शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, सामान्य प्रशासन व प्रशासकीय सुधार विभाग के प्रधान सचिव अपनी रिपोर्ट पेश करेंगे।
इनसे 20 नवंबर को सकसं की ओर से भेजे गए मांग पत्र और 22 नवंबर को पीटीआई सहित अन्य विभागों के बर्खास्त एवं छंटनीग्रस्त कर्मचारियों के समायोजन, बहाली को लेकर मुख्यमंत्री को भेजे मांग पत्र के बारे में सभी विभागाध्यक्षों से भी रिपोर्ट मंगवा ली गई है।
आल इंडिया स्टेट गवर्नमेंट इंपलाइज फेडरेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुभाष लांबा व महासचिव सतीश सेठी ने कहा कि प्रतिनिधिमंडल वार्ता में शामिल होगा। बातचीत में कर्मचारियों की मांगों का समाधान कराने का सौ फीसदी प्रयास करेंगे। पुरानी पेंशन बहाली, विभिन्न पदनामों से वर्षों से कार्यरत अनुबंध कर्मचारियों को पक्का करना, समान काम-समान वेतन, सेवा सुरक्षा, ठेका प्रथा समाप्ति, खाली पड़े लाखों पदों पर पक्की भर्ती, एचआरए के स्लैब में बदलाव इत्यादि विभिन्न मांगों पर सार्थक चर्चा करेंगे।