स्वाइन फ्लू से जिले में सोमवार को चौथी मौत हो गई। सोमवार को स्वाइन फ्लू से पीड़ित एक 3 साल के मासूम बच्चे ने दम तोड़ दिया।
बताया जा रहा है कि हनुमानगढ़ निवासी 3 साल के हर्ष को 16 जनवरी को खांसी जुकाम की शिकायत के चलते हिसार के एक निजी अस्पताल में भर्ती किया गया था।
मरीज के बारे में पता चलते ही सामान्य अस्पताल की टीम ने 17 जनवरी को बच्चे के सैंपल लिए थे। बच्चे की तीन दिन बाद 19 जनवरी को सुबह फ्लू से मौत हो गई।
इससे पहले स्वाइन फ्लू से टोहाना की एक महिला और रतिया के एक व्यक्ति की अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में मौत हो चुकी है। दिल्ली निवासी एक व्यक्ति भी फ्लू से एक निजी अस्पताल में दम तोड़ चुका है।
डीजी हेल्थ ने ली सभी जिलों से रिपोर्ट
प्रदेश में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मरीजों को देखते हुए डीजी हेल्थ डॉ. नरेंद्र अरोड़ा, कमिश्नर हेल्थ रामनिवास और एडीजी हेल्थ डॉ. कमला सिंह ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के सभी जिलों की रिपोर्ट ली।
उन्होंने कांफ्रेंस के माध्यम से सीएमओ से कहा कि फ्लू का अलर्ट जारी रखें। लोगों के लिए जागरुकता कार्यक्रम चलाते रहें और दवा का स्टॉक अस्पतालों में रखे। डीजी हेल्थ ने सभी जिले की स्वाइन फ्लू से निपटने की तैयारी के बारे में भी जानकारी ली।
11 केस में से 7 नेगेटिव, 4 की पुष्टि
सामान्य अस्पताल में अभी तक स्वाइन फ्लू से संदिग्ध 11 रोगियों की रिपोर्ट आ चुकी है। इसमें से 4 मरीजों की फ्लू की पुष्टि हुई है, जबकि 7 केस निगेटिव पाए गए हैं। 4 पॉजिटिव केस में से 2 लोगों की मौत हो चुकी हैं और दो लोगों की हालत सामान्य बताई जा रही है।
सोमवार को 3 और संदिग्ध मरीज आए सामने
नोडल ऑफिसर सुशील गर्ग ने बताया कि सोमवार को स्वाइन फ्लू के 3 और संदिग्ध मरीज सामने आए हैं। इनके सैंपल लेकर जांच के लिए दिल्ली भेज दिए हैं।
साथ ही मरीजों को टेमीफ्लू का कोर्स शुरू कर दिया है। इनमें एक केस हनुमानगढ़ (राजस्थान) का 78 साल का अमर सिंह, भिवानी का 65 साल का सुखवीर सिंह तथा हिसार की 35 वर्षीय रितु देवी है।
हेल्पलाइन पर लगातार आ रहीं कॉल
ग्रामीण इलाकों में अभी स्वाइन फ्लू के लिए जागरुकता की कमी है। इसी का कारण है कि अस्पताल की ओर से स्वाइन फ्लू के लिए जारी किया गए हेल्पलाइन नंबर (8295937074) पर रोजाना करीब 25 फोन कॉल आ रही हैं। फोन कॉल के माध्यम से लोग बीमारी के लक्षणों के बारे में पूछ रहे हैं।
स्वाइन फ्लू से निपटने के पूरे प्रबंध
जिले में स्वाइन फ्लू से निपटने के लिए पूरे प्रबंध किए गए हैं। अभी तक चार लोगों की पुष्टि हुई है। इनमें से एक बच्चे की सोमवार अल सुबह मौत हो गई है। यदि जिले में कहीं पर भी किसी व्यक्ति में स्वाइन फ्लू के लक्षण पाए जाते हैं तो तुरंत प्रभाव से टेमी फ्लू मुहैया करवाई जाएगी।
- डॉ. चंद्रशेखर खरे, जिला उपायुक्त, हिसार