विश्व की सबसे बड़ी फार्मा कंपनियों में शुमार की जाने वाली Lupin के संस्थापक और चेयरमैन देशबंधु गुप्ता का सोमवार को तड़के सुबह मुंबई में निधन हो गया। लुपिन का कारोबार भारत सहित विश्व के 100 देशों में फैला हुआ है।
गुप्ता का जन्म राजस्थान के राजगढ़ में हुआ था। 1968 में मुंबई में उन्होंने इसकी स्थापना की थी। यह विश्व की चौथी सबसे बड़ी कंपनी है जो जेनरिक दवाओं का उत्पादन करती है। गुप्ता ने अपना फोकस ऐसी दवाओं के उत्पादन पर रखा, जो कि सभी लोगों की पहुंच में हो।
इसके अलावा गांव में रहने वाले गरीब किसानों की मदद के लिए गुप्ता ने एक एनजीओ भी शुरू किया था। कंपनी फिलहाल डायबिटीज, अस्थमा, एड्स, हार्ट अटैक और टीबी की रोकथाम के लिए दवाएं बना रही है।
हालांकि इससे पहले 22 जून को अमेरिका के ड्रग एडमिनिस्ट्रेटर ने लुपिन के पीथमपुर स्थित प्लांट पर 5 सवाल खड़े किए थे, जिसकी वजह से उसके शेयर तीन साल के सबसे निम्न स्तर पर पहुंच गए थे।