देश के सबसे बड़े उद्योगपति मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की सहयोगी कंपनी रिलायंस न्यू एनर्जी सोलर लिमिटेड (आरएनईएसएल) ने सौर ऊर्जा क्षेत्र में बड़ा कदम उठाया है। रिलायंस न्यू एनर्जी ने चाइना नेशनल ब्लूस्टार (ग्रुप) से आरईसी सोलर होल्डिंग्स एएस (आरईसी ग्रुप) की शतप्रतिशत हिस्सेदारी के खरीद ली है। सौदा 77.10 करोड़ डॉलर में हुआ।
चीन की कंपनी आरईसी बहुराष्ट्रीय सौर ऊर्जा कंपनी है। यह अपने तकनीकी इनोवेशन, उच्च दक्षता के साथ किफायती सौर ऊर्जा पैनल्स के निर्माण के लिए जानी जाती है। बीते 25 सालों से यह दुनिया की अग्रणी सोलर पैनल और पॉलीसिलिकॉन निर्माण कंपनियों में से एक है। आरईसी सोलर होल्डिंग्स का मुख्यालय नॉर्वे में और इसका कामकाजी मुख्यालय सिंगापुर में है। उत्तरी अमेरिका, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया और एशिया-प्रशांत में कंपनी के क्षेत्रीय कार्यालय हैं। नॉर्वे में दो और सिंगापुर में एक मैन्यूफैक्चरिंग यूनिट है।
रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने इस अधिग्रहण के मौके पर कहा, 'मैं आरईसी के अधिग्रहण से बेहद खुश हूं क्योंकि यह सूर्य देव की असीमित और साल भर मिलने वाली सौर शक्ति का दोहन करने में मदद करेगा। यह अधिग्रहण दशक के अंत से पहले 100 गीगावॉट स्वच्छ और हरित ऊर्जा बनाने के रिलायंस के लक्ष्य को हासिल करने, नई और उन्नत प्रौद्योगिकियों में निवेश करने की हमारी रणनीति के अनुरूप है। 2030 तक भारत में 450 गीगावॉट नवीकरणीय ऊर्जा के उत्पादन के पीएम मोदी के लक्ष्य को प्राप्त करने में किसी एक कंपनी का यह सबसे बड़ा योगदान होगा। यह भारत को जलवायु संकट से उबारने और ग्रीन एनर्जी में वर्ल्ड लीडर बनने में मदद करेगा। इससे भारत और दुनिया भर के बाजारों में ग्राहकों को किफायती कीमतों पर उच्च गुणवत्ता और विश्वसनीय उत्पाद मिल सकेंगे। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में विकेंद्रीकृत तरीके से लाखों हरित रोजगारों के अवसर पैदा होंगे, इन अवसरों को लेकर मैं बेहद उत्साहित हूं।'
600 से ज्यादा पेटेंट हैं आरईसी के पास
आरईसी के पास 600 से अधिक उपयोगिता और डिजाइन पेटेंट हैं। इनमें से 446 स्वीकृत हैं और शेष का मूल्यांकन किया जा रहा है। आरईसी विश्व स्तर पर एक विश्वसनीय ब्रांड है जो इनोवेशन के लिए जाना जाता है। आरईसी में 1,300 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं। वे रिलायंस परिवार का हिस्सा बन जाएंगे। रिलायंस आरईसी की बेहतरीन तकनीकों का इस्तेमाल, जामनगर में बनने वाले धीरूभाई अंबानी ग्रीन एनर्जी गीगा कॉम्प्लेक्स में करेगा।
स्टर्लिंग एंड विल्सन सोलर में 40 फीसदी हिस्सेदारी खरीदी
उभरते सौर उर्जा क्षेत्र में विस्तार के इरादे से रिलायंस न्यू एनर्जी सोलर लि. (RNESL) ने रविवार को एक और बड़ा सौदा किया। कंपनी ने स्टर्लिंग एंड विल्सन सोलर लि. (SWSL) की 40 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने का एलान किया। रिलायंस ने कहा कि 2030 तक देश में 100 गीगावॉट सौर उर्जा उत्पादन के लक्ष्य को हासिल करने के लिए यह एक और कदम उठाया है। आरएनईएसएल ने हिस्सेदारी खरीदने के लिए शापूरजी पालोनजी एंड कंपनी प्रालि, खुर्शीद दारूवाला व स्टर्लिंग एंड विल्सन सोलर से करार किया है।
जियो हैप्टिक प्लेटफॉर्म का कारोबार तिगुना हुआ
जियो के हैप्टिक प्लेटफॉर्म का कारोबार सालाना आधार पर तीन गुना हो गया है। हैप्टिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित बातचीत का मंच है। यह वॉटसएप के साथ जुड़कर ई कॉमर्स कारोबार बढ़ाने के प्रति बेहद आशान्वित है। जियो हैप्टिक के सह संस्थापक व सीईओ आकृत वैश ने बताया कि कंपनी का कारोबार विदेशों में तेजी से बढ़ रहा है। अमेरिका उसके लिए मुख्य बाजार बनकर उभरा है। हैप्टिक के मुख्य ग्राहकों में ड्रीम 11, ओयो रूम, लेंसकार्ट, ओला कैब, पीपरफाय, अपस्टॉक्स, हैवल्स, सिएट, यूरेका फोर्ब्स आदि हैं। हैप्टिक के जरिए ग्राहकों द्वारा की गई शिकायतों को हल करने में मदद करता है। यह बातचीत आधारित चैटबूट है।