मोतिहारी में भी बाढ़ ने मचाई तबाही
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मोतिहारी की सिकरहना नदी में सोमवार को पानी के दबाव में अचानक बढ़ोतरी होने से सुगौली के उत्तरी सुगाव पंचायत के पास रिंग बांध टूट गया। उत्तरी सुगाव पंचायत के मुखिया रंजीत झा ने बताया कि गोडिगंवा के वार्ड-8 के पास दोपहर के बाद नदी के तेज बहाव के कारण करीब 30 फीट लंबा हिस्सा बह गया। बांध टूटने की सूचना तुरंत सीओ और जिला प्रशासन को दे दी गई है। इस घटना से आसपास के क्षेत्रों में भारी संकट उत्पन्न हो गया है।
ग्रामीणों में भय, फसलों और घरों पर मंडराया खतरा
जानकारी के मुताबिक, रिंग बांध टूटने से सिकरहना नदी का पानी तेजी से सरेही इलाकों में फैलने लगा है। ग्रामीणों के अनुसार, नदी के तेज बहाव से खेतों में खड़ी धान और गन्ने की फसलें डूबने का खतरा पैदा हो गया है। बांध टूटने से आसपास के गांवों में सैकड़ों घरों पर भी पानी का खतरा मंडरा रहा है। बाढ़ से उत्तरी सुगाव, उत्तरी छपरा बहास, दक्षिणी छपरा बहास और भरगांवा पंचायतों के लगभग 20 हजार लोग प्रभावित हो सकते हैं।
2022 में बना बांध, लेकिन नहीं हुई मरम्मत
उत्तरी सुगाव के पूर्व मुखिया ललित सहनी ने बताया कि यह रिंग बांध 2022 में बनाया गया था, लेकिन इसके बाद से इसकी कोई मरम्मत नहीं की गई। बांध की देखभाल में लापरवाही के कारण अब यह खतरे का कारण बन गया है। बांध के टूटने से इन पंचायतों की फसलों को भारी नुकसान होने की संभावना है, जिससे किसानों को आर्थिक संकट का सामना करना पड़ेगा।
प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग
स्थानीय निवासियों ने जिला प्रशासन से तत्काल राहत और बचाव कार्य शुरू करने की मांग की है। पानी की तेज धारा ने गांवों के निवासियों को चिंतित कर दिया है और लोगों में भय व्याप्त है। लोगों ने प्रशासन से उम्मीद जताई है कि बाढ़ के खतरे को देखते हुए शीघ्र कदम उठाए जाएंगे, ताकि जनजीवन और फसलों को बचाया जा सके।