मुजफ्फरपुर में डेंगू पीड़ित दूसरे मरीज की मौत हो गई। मृतक 43 वर्षीय है जो नागालैंड के दीमापुर से बीमार होकर आया था। 17 सितंबर को ब्रह्मपुरा के निजी अस्पताल में उसे भर्ती कराया गया, जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टर ने उसे पटना रेफर कर दिया था, उसकी मौत हो गई। इससे पहले सरैया प्रखंड के डेंगू पीड़ित मरीज की मौत हुई थी। अबतक 87 मरीजों में डेंगू की पुष्टि हो चुकी है। डेंगू पीड़ित दूसरे मरीज की मौत से जिला स्वास्थ्य महकमे में चहलकदमी तेज हो गई है।
डीएम ने सरकारी और निजी अस्पताल के डेंगू मरीजों का मांगा आंकड़ा
मुजफ्फरपुर के डीएम ने सिविल सर्जन को एसकेएमसीएच और अन्य सरकारी अस्पताल के साथ साथ निजी अस्पताल से भी डेंगू पीड़ितों का आंकड़ा लेने का आदेश जारी किया है। जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी डॉ. सतीश कुमार ने बताया है कि उन्हें डेंगू मरीज के मौत की सूचना मिली है। उन्होंने बताया कि अबतक एसकेएमसीएच में 46 मरीज भर्ती हैं। साथ ही 36 स्वस्थ्य मरीज को डिस्चार्ज कर दिया गया है। दस नये मरीज भर्ती हुए हैं। उनका दावा है कि एसकेएमसीएच में डेंगू इलाज की संपूर्ण व्यवस्था है। चिकित्सकों का कहना है कि प्लेटलेट्स का भी पर्याप्त स्टॉक है।
दरभंगा में भी हुई है डेंगू मरीज की मौत
दरभंगा के डीएमसीएच में भी इलाजरत एक डेंगू पीड़ित मरीज की मौत हो चुकी है। डेंगू पीड़ित मरीज शिवाजीनगर मुहल्ला स्थित वार्ड नंबर 22 निवासी मुकेश मंडल की पत्नी शारदा देवी थी। मृतका के पति मुकेश मंडल अभी भी डीएमसीएच के डेंगू वार्ड में इलाजरत हैं। इनके घर के बाकी तीन सदस्य डेंगू बिमारी से ठीक होकर घर जा चुके हैं। फिलहाल डीएमसीएच के डेंगू वार्ड में सात मरीज इलाजरत हैं।
बिहार में डेंगू के मरीजों की संख्या अब तक 4457
बिहार राज्य स्वास्थ्य समिति ने रविवार को अपने रिपोर्ट में बताया था कि 2023 में अब तक राज्य में डेंगू के करीब 4457 मरीज पाए गए हैं डेंगू के 252 मरीज एम्स सहित 12 मेडिकल कॉलेज में भर्ती है।