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जी-30: वित्तमंत्री सीतारमण बोलीं- कोरोना के टीके के लिए कच्चे माल की आपूर्ति श्रृंखला खुली रखने की जरूरत

Tue, 19 Oct 2021 01:06 AM IST
Kuldeep Singh एजेंसी, न्यूयॉर्क

सार

वित्त मंत्रालय ने ट्वीट करते हुए बताया कि सीतारमण ने जी-30 अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग सेमिनार में वर्चुअल तरीके से भाग लेते हुए यह बात कही। वित्तमंत्री ने जलवायु और महामारी से सुरक्षा के लिए वित्त और प्रौद्योगिकी समाधान के समान तरीके से वितरण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए केंद्रित तरीके से वित्त जुटाने की जरूरत है।
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जी-30 बैठक- वित्तमंत्री सीतारमण - फोटो : twitter
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विस्तार
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वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने दुनियाभर में कोविड-19 महामारी से लड़ने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय ढांचा बनाने पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि टीके के कच्चे माल के लिए आपूर्ति शृंखला को खुला रखने की जरूरत है। वित्त मंत्रालय ने ट्वीट करते हुए बताया कि सीतारमण ने जी-30 अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग सेमिनार में वर्चुअल तरीके से भाग लेते हुए यह बात कही।

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वित्तमंत्री ने जी-30 की बैठक में दिया अंतरराष्ट्रीय वित्तीय ढांचा बनाने पर जोर
वित्तमंत्री ने जलवायु और महामारी से सुरक्षा के लिए वित्त और प्रौद्योगिकी समाधान के समान तरीके से वितरण पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए केंद्रित तरीके से वित्त जुटाने की जरूरत है। वित्त मंत्री ने कोविड-19 महामारी से संघर्ष में एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय ढांचे की जरूरत पर बल देते हुए कहा कि हरित पहल को आगे बढ़ाने के लिए नए वित्तीय उत्पाद लाए जाने चाहिए।

उन्होंने कहा कि नई चुनौतियों से प्रभावी तरीके से मुकाबला करने के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) को मजबूत करने की जरूरत है। वित्त मंत्रालय ने सीतारमण के हवाले कहा कि टीके के कच्चे माल के लिए आपूर्ति शृंखला को खुला रखने की जरूरत है। बाद में वित्तमंत्री ने न्यूजर्सी में भारतीय मूल की महिला उद्यमियों को संबोधित किया। महिला उद्यमियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत तेजी से आर्थिक पुनरुद्धार की ओर अग्रसर है।
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भारत में दुनिया के लिए काफी मौके
वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण वाशिंगटन डीसी के अपने दौरे के बाद यहां पहुंचीं। उन्होंने कहा कि भारत में दुनिया के लिए काफी अवसर हैं। वाशिंगटन में उन्होंने विश्व बैंक और अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की वार्षिक बैठकों में भाग लिया। उनके एक सप्ताह के अमेरिकी दौरे की शुरुआत बोस्टन से हुई, जहां उन्होंने मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (सीईओ) के साथ बैठक की और निवेशकों के साथ गोलमेज में भाग लिया।

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