पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ
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पाकिस्तान में नई सरकार का गठन हो चुका है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने शपथ ग्रहण के बाद आज भारतीय समकक्ष को बधाई संदेश का जवाब दिया। पीएम मोदी के बधाई संदेश का जवाब देते हुए शहबाज शरीफ ने शाम करीब साढ़े छह बजे एक्स पर पोस्ट किया। बता दें कि पीएम चुने जाने के बाद शहबाज ने भारत का नाम लिए बिना पड़ोसी देशों के साथ संबंध बेहतर करने की पाकिस्तानी नीति पर संसद के मंच से बयान दिया था। गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म- एक्स पर शहबाज शरीफ ने बधाई संदेश भेजने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टैग कर धन्यवाद दिया।
अन्य राष्ट्राध्यक्षों को भी धन्यवाद दिया
गुरुवार को शहबाज शरीफ ने भारत के अलावा सऊदी अरब, कतर, केन्या और ईरान के राष्ट्राध्यक्षों को भी प्रधानमंत्री बनने की शुभकामनाएं भेजने के लिए धन्यवाद दिया। सऊदी के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान बिन अब्दुलअजीज अल सऊद का आभार प्रकट करते हुए पीएम शहबाज शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान और सऊदी के द्विपक्षीय संबंध काफी गहरे हैं। उन्होंने कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी के बधाई संदेश के लिए भी धन्यवाद दिया। उन्होंने दोनों देशों के पुराने रिश्तों को भी याद किया। ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी और केन्या के राष्ट्रपति विलियम्स रूटो को भी धन्यवाद दिया।
पीएम मोदी ने पांच मार्च को दी बधाई
इससे पहले बीते पांच मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान के नए पीएम शहबाज शरीफ को बधाई संदेश भेजा था। उन्होंने एक बार फिर भारत की तरफ से दोस्ती का हाथ बढ़ाते हुए एक्स पर शहबाज को बधाई संदेश दिया। पीएम मोदी ने लिखा, "शहबाज शरीफ को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने के लिए बधाई। गौरतलब है कि शहबाज शरीफ ने सोमवार को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। वह 2022 के बाद दूसरी बार देश की बागडोर संभालेंगे। शहबाज ने दूसरी बार ऐसे समय में पाकिस्तान की बागडोर संभाली है, जब देश आर्थिक बदहाली का सामना कर रहा है। राष्ट्रपति आरिफ अल्वी ने राष्ट्रपति भवन ‘ऐवान-ए-सद्र’ में आयोजित एक समारोह में 72 वर्षीय शहबाज को पद की शपथ दिलाई।
336 सदस्यीय सदन में शहबाज के पक्ष में कितने सांसद
बता दें कि संसद भंग होने से पहले शहबाज शरीफ ने अप्रैल 2022 से अगस्त 2023 तक गठबंधन सरकार के प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया था। अब आम चुनाव के बाद उनकी पीएमएल-एन और पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) ने गठबंधन बना लिया। इस गठबंधन की तरफ से संयुक्त उम्मीदवार के तौर पर शहबाज शरीफ (72) का नाम आगे किया गया। 336 सदस्यीय सदन में गठबंधन को 201 वोट मिले थे, जो सदन का नेता बनने के लिए आवश्यक मतों से 32 अधिक हैं।