रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के प्रमुख राजनीतिक प्रतिद्वंदी एलेक्सी नवलनी के बारे में फिलहाल कुछ पता नहीं लग रहा है। उनके वकील का कहना है कि छह दिसंबर के बाद से उनकी मुलाकात नहीं हुई है। वहीं, क्रेमलिन का भी यही कहना है कि उसके पास नवलनी के बारे में कोई जानकारी नहीं है।
इतने दिनों से लापता
जेल में बंद विपक्षी नेता एलेक्सी नवलनी के सहयोगियों ने दावा किया है कि क्रेमलिन के धुर आलोचक कथित तौर पर छह दिसंबर से उस जेल से गायब हैं जहां उन्हें रखा गया था। नवलनी के करीबी सहयोगियों का कहना है कि सबसे अधिक संभावना यह है कि उन्हें किसी अन्य जेल में स्थानांतरित किया गया है।
कहां भेजा गया?
नवलनी, राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सबसे मुखर घरेलू आलोचक रहे हैं। वह सख्त-शासन दंड कॉलोनी में कई आरोपों में अपनी सजा काट रहे थे। अब कहा जा रहा है कि उन्हें यहां से स्थानांतरित कर दिया गया है। हालांकि, यह नहीं बताया गया है कि उन्हें अब कहां भेजा गया है।
वह कहां है हम नहीं जानते
नवलनी के एंटी-करप्शन फाउंडेशन में कानूनी विभाग के प्रमुख व्याचेस्लाव गिमादी के हवाले से बताया गया है कि जेल अधिकारियों ने शुक्रवार को एक अदालत से कहा कि नवलनी मास्को से लगभग 230 किलोमीटर पूर्व में व्लादिमीर क्षेत्र के मेलेखोवो शहर में आईके -6 सुविधा से चले गए थे। गिमादी ने सोशल मीडिया एक्स पर कहा कि हम 10 दिन से नहीं जानते हैं कि वह कहां हैं।
इस मामले में काट रहे थे सजा
रूस की एक अदालत ने जेल में बंद क्रेमलिन के आलोचक एलेक्सी नवलनी को गबन और अदालत की अवमानना के अतिरिक्त आरोपों का दोषी पाया और उसे अगस्त में 19 साल जेल में बंद की सजा सुनाई गई थी। बता दें, नवलनी पहले से ही साढ़े 11 साल की सजा काट रहा था।
नवलनी के करीबी सहयोगियों ने पहले संभावना जताई थी कि उन्हें किसी अन्य जेल में स्थानांतरित किया जा सकता है, लेकिन रूस में जेल बदलने में कई दिन लगते हैं और यह अत्यंत गोपनीय भी होता है।
स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से जूझ रहे थे
नवलनी की प्रवक्ता किरा यार्मिश ने एक्स पर पोस्ट किया, 'उन्हें कहां ले जाया गया, यह पता नहीं है। मैं आपको याद दिला दूं कि वकीलों ने छह दिसंबर के बाद से एलेक्सी को नहीं देखा है।' इससे पहले नवलनी की टीम ने आरोप लगाया था कि जेल में बंद रूसी नेता को स्वास्थ्य संबंधी गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
इस बीच, नवलनी की एक अन्य सहयोगी मारिया पेवचिख ने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार समिति से जेल में बंद नेता का पता लगाने में मदद करने का आग्रह किया है।