फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Canada: भारतीयों को फिरौती के लिए धमकी मिलने का मामला, कनाडा पुलिस ने बनाई राष्ट्रीय जांच समिति

Fri, 16 Feb 2024 12:21 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ओटावा

सार

रॉयल कनैडियन माउंटेड पुलिस की नेशनल कॉर्डिनेशन और सपोर्ट टीम ब्रिटिश कोलंबिया, ओंटारियो और अल्बर्टा राज्यों की पुलिस के साथ मिलकर इन घटनाओं की जांच कर रही है। 
विज्ञापन
कनाडा पुलिस कर रही जांच - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कनाडा में बीते दिनों भारतीय मूल के लोगों को फिरौती के लिए धमकी भरे कॉल आने का मामला सामने आया था। अब खबर आयी है कि कनाडा की पुलिस ने एक राष्ट्रीय स्तर की टीम बनाई गई है, जो इन मामलों की जांच करेगी। रॉयल कनैडियन माउंटेड पुलिस की नेशनल कॉर्डिनेशन और सपोर्ट टीम ब्रिटिश कोलंबिया, ओंटारियो और अल्बर्टा राज्यों की पुलिस के साथ मिलकर इन घटनाओं की जांच कर रही है। इन तीन राज्यों में ही भारतीय और दक्षिण एशियाई मूल के नेताओं को फिरौती के लिए ही धमकी मिलने की खबरें सामने आयीं थी। 
विज्ञापन


कनाडा पुलिस का दावा- संगठित अपराध का है मामला
कनाडा पुलिस के एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि जांच टीम फिरौती के लिए आयी धमकी भरी कॉल के पीछे के मकसद की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि ये मामला संगठित अपराध से जुड़ा है। बीते कुछ माह पहले कनाडा में दक्षिण एशियाई मूल के लोगों खासकर भारतीय मूल के लोगों को फिरौती के लिए धमकी भरे कॉल आये थे। इस मामले में कई शिकायत दर्ज हुईं। कनाडा में खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के बाद से कनाडा में भारतीय मूल के लोगों खासकर हिंदुओं के खिलाफ हमले बढ़े हैं। कई हिंदू मंदिरों को भी निशाना बनाया गया है। 

भारतीय मूल के लोगों के घरों पर हुई थी फायरिंग
कुछ भारतीय मूल के लोगों के घरों पर फायरिंग की घटनाएं भी हुईं। अपराधियों ने कॉल करके लोगों से सुरक्षा के बदले 20 लाख डॉलर की फिरौती मांगी थी। बीते साल नवंबर में कनाडा की पुलिस ने दावा किया था कि इन घटनाओं के पीछे भारत के एक आपराधिक गैंग का हाथ है, जो कनाडा में दक्षिण एशियाई मूल के लोगों को निशाना बना रहा है। बीते साल दिसंबर में कनाडा में वैदिक हिंदू कल्चरल सोसाइटी के अध्यक्ष के बेटे के घर पर भी फायरिंग की घटना हुई थी। इस मामले में कनाडा पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया था। हालांकि बाद में पूछताछ के बाद दोनों को छोड़ दिया गया था। 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें