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बारटेंडर रह चुकीं सांसद ने उठाई कम सैलरी वाले कर्मियों की आवाज, रेस्त्रां पहुंचकर पिज्जा सर्व किया

Wed, 05 Jun 2019 01:20 PM IST
Nilesh Kumar वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
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अलेक्जेंड्रिया ओकासियो कोर्टेज - फोटो : Social Media
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रेस्त्रां(रेस्टोरेंट) में कम वेतन पाने वाले कर्मचारियों के पक्ष में अमेरीकी सांसद एलेक्जेंड्रिया ओकासियो-कोर्टेज ने आवाज उठाई है। कभी रेस्टोरेंट में बारटेंडर रह चुकीं एलेक्जेंड्रिया शुक्रवार को अचानक रेस्त्रां पहुंच गईं और लोगों को पिज्जा भी सर्व किया। वह रेज द वेज एक्ट (न्यूनतम वेतन वृद्धि कानून) पर बहस चाहती हैं। उनका कहना है कि कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन घंटे के हिसाब से करीब 1000 रुपये होना चाहिए। पिछले साल कांग्रेस से सांसद चुनी गईं न्यूयॉर्क की डेमोक्रेट एलेक्जेंड्रिया लगातार सोशल मीडिया पर चर्चा में बनी रहती हैं। 

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एलेक्जेंड्रिया ने क्विंसबोरो रेस्त्रां में ग्राहकों और कर्मचारियों से कहा कि यदि किसी भी नौकरी में हर घंटे 150 रुपए मिलते हैं तो यह गुलामी की तरह है, यह कोई नौकरी नहीं हुई। अमेरिकी कानून के मुताबिक, सैलून, रेस्त्रां और गराज के कर्मचारियों को करीब 500 रुपए प्रति घंटा न्यूनतम मजदूरी का भुगतान करने से छूट है। इसके बदले उन्हें 350 रुपए प्रति घंटा के हिसाब से टिप क्रेडिट देंगे। इसमें भी वे कम से कम 150 रुपए की राशि देंगे।

रेस्त्रां एसोसिएशन का कहना है- नुकसान होगा

अमेरिका का राष्ट्रीय रेस्त्रां एसोसिएशन कर्मचारियों के न्यूनतम वेतन वृद्धि का विरोध कर रहा है। संघ का कहना है कि इससे रेस्त्रां को नुकसान उठाना पड़ेगा। वहीं इसका समर्थन करने वाले लोगों का कहना है कि सातों राज्य में ये रेस्त्रां अच्छा काम कर रहे हैं। लेकिन, कर्मचारियों को कम वेतन का भूगतान किया जा रहा है।

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बारटेंडर रह चुकी हैं एलेक्जेंड्रिया, यौन शोषण का भी हुई थीं शिकार

अलेक्जेंड्रिया ओकासियो कोर्टेज - फोटो : social media
अमेरिकी सांसद एलेक्जेंड्रिया बारटेंडर रह चुकी हैं। उनका कहना है कि उन्होंने 16 साल की उम्र से ही रेस्त्रां में काम करना शुरू कर दिया था। इस दौरान उन्हें यौन शोषण भी झेलना पड़ा था। उन्होंने कहा कि यहां ज्यादातर बारटेंडर महिलाओं के साथ आए दिन शोषण होता है।

एक अलग कानून 'बी हर्ड एक्ट' से कार्यस्थल पर शोषण की घटनाएं कम होंगीं। उन्होंने बताया कि दोनों विधेयक डेमोक्रेटिक-नियंत्रित हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव पारित कर सकते हैं, जबकि रिपब्लिकन-नियंत्रित सीनेट में इसका विरोध होगा। 

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