Afghan Taliban Chief mullah haibatullah akhundzada
तालिबान के अनुसार, 20 सालों से चला आ रहा संघर्ष कुछ घंटे में खत्म होने का कोई मतलब नहीं बनता। तालिबान सीजफायर के लिए सहमत नहीं होगा। तालिबान के प्रवक्ता मोहम्मद नईम ने कहा कि जंग के मुख्य कारणों पर चर्चा नहीं किए जाने तक तालिबान सीजफायर के लिए राजी नहीं हो सकता है। टोलो न्यूज ने बताया कि प्रवक्ता नईम ने वार्ता के पहले चरण की शुरुआत के साथ आतंकियों के हिंसा में कमी करने और सरकार के अपनी आक्रामक कार्रवाईयों पर रोक नहीं लगाने का दावा किया।
प्रवक्ता ने कहा कि 20 सालों से चल रहा संघर्ष कुछ घंटे की चर्चा से खत्म नहीं हो सकता है। हमारे विचार से इस लड़ाई की समस्या के मुख्य मुद्दे पर चर्चा की जानी चाहिए। इसके बाद समस्या के स्थायी तौर पर समाधान के लिए फिर सीजफायर पर चर्चा की जानी चाहिए। नईम ने कहा कि मान लें अगर आज हम सीजफायर का ऐलान करते हैं, लेकिन कल समझौते पर सहमत होने में असफल होते हैं तो क्या हम फिर से लड़ाई लड़ेंगे। इसका कोई मतलब नही बनता है। उन्होंने कहा कि तालिबान, जनता और देश के प्रति जवाबदेह इस्लामिक व्यवस्था चाहता है।