बीएचयू में अयोध्या की सिद्ध पीठ हनुमत निवास के पीठाधीश्वर आचार्य मिथिलेश नंदिनी शरण ने मंदिर प्रबंधन में मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) की भूमिका पर महत्वपूर्ण प्रश्न उठाए हैं। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ ट्रस्ट में मुख्य कार्यपालक अधिकारी नियुक्त करने के लिए आवेदन मांगे जाने पर उन्होंने स्पष्ट किया कि सीईओ का कार्य केवल मंदिर के प्रबंधन और आय-व्यय से संबंधित होना चाहिए। देवताओं के राग-भोग और पूजा-पाठ जैसे धार्मिक अनुष्ठानों में सीईओ को हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।