हौसले बुलंद हो तो सपने भी सच हो जाते हैं। ऐसी ही कहानी शाहजहांपुर के तिलहर कस्बा के इमली मोहल्ले निवासी शकील अहमद की है, जिनके पिता हाजी तसब्बर हुसैन कभी अपने बच्चों को पालने के लिए मजदूरी करते थे। आज बेटे ने आईपीएस बनकर बुलंदी के शिखर को छुआ है। शकील ने यूपीएससी में 506 रैंक हासिल की है। शकील ने दिल्ली से जब फोन पर परिवार को बताया कि वह आईपीएस बन गए हैं तो परिजनों की आंखों में आंसू छलक आए।