प्रदेश के पश्चिमी हिस्सों का क्षेत्र जहां मानसून की मेहरबानी में भीग रहे हैं, वहीं महराजगंज की तराई धूप की तपिश झेल रही है। धूप दिन चढ़ने के साथ इस कदर चटख होती गई कि दोपहर 12 बजे से 2 बजे के बीच धूप असहनीय महसूस होने लगी। बुधवार जनपद का अधिकतम तापमान 34 डिग्री जरूर रिकॉर्ड हुआ, लेकिन तपिश से भरी धूप ने 42 डिग्री का एहसास कराया। सितम्बर में एक बार फिर तराई की धरती धूप में नमी गंवा रही है। पूर्वी यूपी पर मानसून की मेहरबानी लगभग पिछले 10 दिन से बंद है।