सरायख्वाजा थाना क्षेत्र के बडऊर गांव में युवक की हत्या के बाद परिजनों का आक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा है। पोस्टमार्टम के बाद शव मिलने के 17 घंटे बाद भी परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया और मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे। गांव निवासी रामलखन के पुत्र आजाद की शुक्रवार को बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। शनिवार शाम करीब सात बजे पोस्टमार्टम के बाद प्रशासन ने शव परिजनों को सौंप दिया, लेकिन देर रात तक अंतिम संस्कार नहीं किया गया। रविवार सुबह तक भी परिजन शव को घर पर रखकर विरोध करते रहे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण मंत्री गिरीश चंद्र यादव मौके पर पहुंचे। करीब एक घंटे तक परिजनों से वार्ता की। उन्होंने आश्वासन दिया कि आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी कर सख्त कार्रवाई की जाएगी, लेकिन परिजन अपनी मांग पर अड़े रहे और वार्ता बेनतीजा रही। मृतक के पिता रामलखन का कहना है कि जब तक मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। एहतियातन भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और हालात पर नजर रखी जा रही है।