सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने से सूरतगंज क्षेत्र के तटवर्ती गांवों में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है। बेलहरी गांव में चारों तरफ बाढ़ का पानी भर गया है। ग्रामीणों के मुताबिक करीब सात दिनों से बिजली आपूर्ति ठप है। वहीं खेतों में खड़ी धान की फसल बाढ़ के पानी में डूब गई है। ग्रामीणों का आरोप है कि बाढ़ की मार झेलने के बावजूद अभी तक प्रशासन की ओर से उन्हें किसी प्रकार की राहत या सहायता उपलब्ध नहीं कराई गई है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव के चारों तरफ पानी होने से आवागमन भी प्रभावित हो गया है। बिजली न होने से घरों में अंधेरा है और जरूरी कामकाज प्रभावित हो रहे हैं। खेतों में पानी भरने से धान की फसल बर्बाद होने की आशंका है, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। उधर सरयू नदी के उस पार बसे जमका, कहारनपुरवा, परशुरामपुर और फाजिलपुर मजरे भी बाढ़ की चपेट में हैं। ग्रामीणों के अनुसार इन बस्तियों में पानी घरों के अंदर तक पहुंच गया है। चारों तरफ पानी भरा होने के कारण सुरक्षित और सूखा स्थान तक नहीं बचा है। लोगों को घरों से निकलने में भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि बाढ़ की स्थिति के बावजूद अब तक न तो राहत सामग्री पहुंची है और न ही प्रभावित परिवारों के लिए अन्य जरूरी व्यवस्थाएं की गई हैं।