देर रात से सुबह तक हुई मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। शहर की सड़कें जलमग्न हो गईं और कई निचले इलाकों में लोगों के घरों में पानी घुस गया। इस अप्रत्याशित जलभराव के कारण लोगों की दिनचर्या पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गई। गुरुवार सुबह जब लोग जागे तो उन्होंने अपने घरों और आसपास पानी भरा पाया। कई घरों में बिस्तर, फर्नीचर और अन्य सामान पानी में डूब गए। लोगों को अपने घरों से पानी निकालने के लिए घंटों मशक्कत करनी पड़ी। पंप और बाल्टियों का इस्तेमाल कर वे लगातार पानी बाहर निकालते रहे। सड़कों पर जलभराव के कारण यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। स्कूल जाने वाले बच्चों और दफ्तर जाने वाले लोगों को भारी परेशानी हुई। कई स्थानों पर वाहन पानी में फंसे, जिससे जाम की स्थिति बन गई। शहर के मौनी बाबा आश्रम, रामघाट चौराहा, द्वारिका पुरी कॉलोनी, देवकाली से धनीराम पुरवा व कई हिस्सों में जलभराव और बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई। मौसम विभाग ने अगले चौबीस घंटों में और बारिश की संभावना जताई है। जनजीवन पर असर भारी बारिश के कारण अयोध्या के निवासियों की सुबह की शुरुआत मुश्किलों भरी रही। घरों में पानी घुसने से लोगों को अपनी दिनचर्या शुरू करने में काफी समय लगा। बच्चों को स्कूल जाने में देरी हुई और कई लोग अपने काम पर नहीं पहुंच पाए। बाजार और दुकानें भी देर से खुलीं, जिससे व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हुईं। जलभराव की स्थिति शहर के निचले इलाकों में जलभराव की समस्या अधिक गंभीर रही। नालियों की उचित सफाई न होने को भी इसका एक कारण बताया जा रहा है। कई मुख्य सड़कों पर घुटनों तक पानी भर गया, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो गया। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल निकासी की बेहतर व्यवस्था करने की मांग की है।