फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बीएससी कृषि के छात्र सीख रहे फसलों में रोगों की पहचान करना

गजरौला। बीएसएसी कृषि के छात्र खेतों में जाकर फसलों में होने वाले रोगों की पहचान करना सीख रहे हैं। कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक उनको खेतों में ले जाकर दिखाते हैं कि किस फसल में किस रोग के क्या लक्षण हैं। उनका उपचार किस तरह से किया जा सकता हैै। पूरा बैच लगातार तीन महीने तक खेतों में जाकर बारीकी से सीखेगा। टीएमयू मुुरादाबाद से बीएससी (कृषि) फाइनल करने वाले छात्र-छात्राओं को निर्देश दिए गए हैं कि वह तीन महीने तक खेतों में जाकर फसलों में लगने वाले रोगों की पहचान करना सीखें। छात्रों को बताया गया कि उनके लिए सबसे बेहतर कृषि विज्ञान केंद्र के वैैज्ञानिक हैं। जाे उनको अच्छी तरह से यह जानकारी दे सकते हैं कि किस फसल में कौन सा रोग लगता हैै। उसकी पहचान कैसे की जाती है। उसके क्या लक्षण हैं। निदान किस तरह किया जाए। सोमवार दोपहर को आदित्य औलख, पांजल चौधरी, रुद्र औलख और यशप्रीत चौहान आदि छात्रों को कृषि विज्ञान केंद्र प्रभारी एके मिश्र, डॉ.अमित तोमर, डॉ.शीशपाल सिंह, डॉ.प्राची पटेल व डॉ.सतपाल सिंह मूंग, धान, अरहर की फसल में ले गए। यहां उनको मूंग की फसल के पत्ते तोड़कर दिखाया कि यह चितकबरा किस रोग के कारण हो गया है। इसके लक्षण क्या हैं। किसान इसका निदान कैसे कर सकते हैं। कृषि विज्ञान केंद्र प्रभारी ने बताया कि अलग-अलग विषय के वैैज्ञानिक अलग-अलग दिन अपने साथ खेतों में ले जाएंगे। जहां पर उनकोे बारीकी से जानकारी दी जाएगी। जो सारी जिंदगी काम आएगी।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें