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Sirohi: जागरुकता शिविर में विद्यार्थियों को कानूनों के संबंध में दी उपयोगी एवं महत्वपूर्ण जानकारियां, Video

Sat, 09 Nov 2024 06:20 PM IST
सिरोही ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिरोही

सिरोही जिले में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली के एक्शन प्लान 2024-25 के तहत तालुका विधिक सेवा समिति आबूरोड के तत्वावधान में राष्ट्रीय विधिक सेवा दिवस के उपलक्ष्य में आबूरोड के दानवाव स्थित एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालय में शनिवार को विशेष जागरुकता शिविर का आयोजन हुआ। इसमें विद्यार्थियों को उनके अधिकारों एवं कर्तव्यों के साथ उपयोगी एवं महत्वपूर्ण जानकारियां दी गई। इस दौरान अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश मोहित शर्मा, मुख्य अतिथि, अपर लोक अभियोजक दिनेश खण्डेलवाल, पैनल एडवोकेट भावाराम गरासिया, तालुका सचिव बेबी वर्मा, पीएलवी दिलीप कुमार एवं देवी सिंह विशिष्ठ अतिथि के रूप में मौजूद रहे।

शिविर में अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश मोहित शर्मा ने विद्यार्थियों के बीच जाकर कानून की जानकारी सहज रूप से स्पष्ट करते हुए उन्हें उनके अधिकारों और कर्तव्य के बारे में बताया। उनका कहना था कि विधिक सेवा प्राधिकरण की स्थापना का मूल उद्देश्य पिछडे वर्गों को कानून की निःशुल्क सहायता प्रदान करना है। इसमें मुख्य रूप से लोक अदालत और विभिन्न विधिक शिविरों का आयोजन करके जागरूक किया जाता है। सरकार द्वारा पिछड़े वर्गों को न्याय देने के लिए राष्ट्रीय, राज्य, जिला एवं तालुका स्तर पर विभिन्न प्राधिकरणों का गठन किया गया है। इसमें निःशुल्क अधिवक्ता के माध्यम से राहत प्रदान करने का कार्य किया जाता है, ताकि उनको न्याय निःशुल्क मिल सके। इसके लिए पूरा खर्च भी सरकार द्वारा वहन किया जाता है।

उन्होंने कहा कि बच्चों को अपराध की दुनिया से बाहर रहना चाहिए तथा छोटे-छोटे अपराध में कभी भी अपनी सहभागिता नहीं निभानी चाहिए। यदि बालक अल्प आयु में किसी छोटे अपराध में लिप्त हो जाता है तो वह धीरे-धीरे बड़े अपराध की ओर अग्रसर होता रहता है, फिर बड़े अपराध से उसे सामाजिक जीवन की मुख्य धारा में जुड़ने में बहुत समय लगता है। इसलिए छात्रों को यदि कहीं अपने मित्र के साथ कहीं झगड़ा करते हुए देख लेते हैं तो उनको छुड़ाने का प्रयास करना चाहिए तथा उसे झगड़े की सूचना तुरंत पुलिस थाने में देनी चाहिए, ताकि आपका सहभागी उसे अपराध में लिप्त नहीं हो जाए।

इसी प्रकार बच्चों को अपना लक्ष्य निर्धारित कर अध्ययन शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए मोटर। वाहन अधिनियम के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि 18 वर्ष से कम आयु में साइकिल चलाना अपराध नहीं, लेकिन मोटर व्हीकल चलाना अपराध है। अर्चना कुमारी ने विद्यार्थियों को विधिक सेवा दिवस के मूल पहलुओं के बारे में बताते हुए विधिक सेवा प्राधिकरण की स्थापना के मुख्य उद्देश्य एवं आवश्यकता के बारे में बताया। इस कार्यक्रम की मुख्य मंच संचालक अर्चना कुमारी रहीं। इस दौरान प्रधानाध्यापक राजेन्द्र प्रसाद मीणा, अध्यापक कमल कुमार, बुद्धालाल, लक्ष्मण एवं निखिल चौपड़ा आदि मौजूद रहे।

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