समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री आज़म ख़ान रविवार को राजस्थान के अजमेर पहुंचे, जहां उन्होंने ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की दरगाह पर हाजिरी दी। दरगाह पर चादर चढ़ाने के बाद आज़म खान ने मीडिया से बातचीत में एक बार फिर अपने खिलाफ दर्ज मुकदमों को लेकर तीखा तंज कसा। उन्होंने कहा, “यह तो जाहिर है कि मेरा नाम पार्टी के स्टार प्रचारकों की सूची में नहीं होना चाहिए था, क्योंकि मैंने इतने बड़े-बड़े जुर्म किए हैं—मुर्गी चोरी कराई है, भैंस चोरी कराई है, बकरी, किताबें, फर्नीचर चोरी कराया है। मुझे तो खुद नहीं पता था कि मैं इतना बड़ा अपराधी हूं।”
उन्होंने आगे व्यंग्य करते हुए कहा, “रिपोर्ट में लिखा गया कि मैंने सोने की पायल लूटी, लेकिन जब मामला कोर्ट में गया तो पता चला कि वह तो बाजार में मिलने वाली साधारण पायल थी। मुझे लगता है, ऐसा जुर्म दुनिया में पहली बार हुआ होगा।”
आज़म खान के इस बयान को राजनीतिक हलकों में एक तरह से सत्तारूढ़ दल पर कटाक्ष के रूप में देखा जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि वह न्यायपालिका पर पूरा भरोसा रखते हैं और सच जल्द सामने आएगा। दरगाह पर हाजिरी के दौरान उन्होंने देश में अमन, भाईचारे और शांति की दुआ भी मांगी।