गुना जिले सहित प्रदेश भर में जारी निर्माण कार्यों के दौरान किस तरह भ्रष्टाचार को अंजाम दिया जा रहा है, इसकी एक झलक शुक्रवार को उस समय सामने आई, जब म्याना कस्बे में एक पुलिया 25 क्विंटल मक्का से भरी ट्रॉली का वजन नहीं झेल सकी। किसान के ट्रैक्टर-ट्रॉली जैसे ही पुलिया के ऊपर से गुजरे यह धंसक गई और मक्का पुलिया के नीचे से बह रहे गंदे पानी में समा गई।
गुना जिले के ग्राम जमरा निवासी किसान जगमोहन धाकड़ मक्का से भरी ट्रॉली लेकर शुक्रवार को म्याना कृषि उपज मंडी की ओर जा रहे थे। इसी बीच म्याना के कटरा मोहल्ला में बनी एक पुलिया के ऊपर से ट्रैक्टर ट्रॉली गुजरते ही पुलिया धंसक गई और ट्रॉली पलट गई। अचानक हुई इस घटना को लेकर किसान कुछ समझ पाता, इससे पहले ही ट्रॉली में भरी अधिकांश पानी के अंदर समां चुकी थी। जबकि कुछ किनारे पर फैल गई।
दुर्घटना सामने आने पर ग्रामीणों ने बताया कि उन्हें पहले से अंदेशा था कि पुलिया कमजोर है और कभी भी धंस सकती है। दरअसल, म्याना से ग्राम जमरा, पूनमखेड़ी, मानपुर सहित कई गांवों को जोडऩे वाली पुलिया को इतनी पतला बनाया गया था कि पहले भी इसके ऊपर से वाहन गुजरते ही यह कंपकंपाने लगती थी।
कटरा मोहल्ला के लोग बताते हैं कि वे पुलिया के ऊपर से वाहन ले जाते समय काफी सावधानी बरतते थे। शुक्रवार को जब किसान मंडी की ओर जा रहा था तो उसे संभावित दुर्घटना का अंदेशा नहीं रहा और उसका बड़ा नुकसान हो गया है। लोगों के मुताबिक उन्होंने पुलिया के स्लैब कमजोर होने की जानकारी ग्राम पंचायत और अधिकारियों को दी थी, लेकिन उसे नजर अंदाज कर दिया, जिसका खामियाजा एक किसान को भुगतना पड़ा है।