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Guna News: नागपंचमी पर वन विभाग ने सपेरों से गुना में जब्त किए 14 सांप, रेस्क्यू कर उन्हें जंगल में छोड़ा

Sat, 10 Aug 2024 01:13 PM IST
गुना ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुना

देशभर में नागपंचमी का पर्व सदियों से श्रद्धा और आस्था के साथ मनाया गया। गांवों और शहरों में सपेरे अपने पिटारे में नागदेवता को लेकर घर-घर जाते हैं और नागदेवता के दर्शन कराते हैं। इसके बाद लोग अपनी श्रद्धानुसार चढ़ावा चढ़ाते हैं। इस बार गुना में यह परंपरा कुछ सपेरों के लिए परेशानी का सबब बन गई।

गुना में फॉरेस्ट डिपार्टमेंट के वनरक्षकों ने विभिन्न प्रजातियों के 14 सांपों को आज़ाद कराया। सपेरों से सांपों को मुक्त कराने का यह विशेष अभियान एक एनजीओ 'फाइंडिंग फौना' के साथ मिलकर चलाया गया। नागपंचमी के दिन सुबह छह बजे से ही वनकर्मी और एनजीओ के सदस्य शहर में टीम बनाकर निकले। वनरक्षक अभिषेक ओझा और शिवम उपाध्याय ने टीमों को शहर के विभिन्न गली-मोहल्लों में भेजा। इस अभियान के दौरान कुल 14 सांपों को सपेरों से छुड़ाया गया। इनमें 11 कोबरा, दो रेट स्नेक और एक रेट सेंड बोआ शामिल थे। टीम लीडर अभिषेक ओझा और एनजीओ सदस्य डीके सैनी, लाभ यादव ने बताया कि सपेरे सांपों को पकड़ने के बाद उनके दांत तोड़ देते हैं और जहर की थैली निकाल देते हैं, जिससे वे शिकार करने लायक नहीं रहते। सपेरे सांपों को भूखा भी रखते हैं, और यह एक भ्रांति है कि सांप दूध पीता है। दरअसल, दूध सांप के पाचन तंत्र के लिए सही नहीं होता। सपेरे सांपों को कई दिनों तक भूखा रखते हैं और उन्हें दिखाकर पैसे कमाने के लालच में जंगल से बड़ी संख्या में सांप पकड़ते हैं।

  सांपो को अपने कब्जे में लेते हुए वन विभाग की टीम। 

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