फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

RG Kar hospital : आरजी कर पीड़िता के पिता ने कोलकाता कोर्ट से गुहार लगाते हुए कर दी ये बड़ी मांग!

Wed, 09 Jul 2025 12:31 AM IST
भास्कर तिवारी वीडियो डेस्क, अमर उजाला डॉट कॉम

 कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में पिछले साल बलात्कार और हत्या की शिकार हुई डॉक्टर के दुखी माता-पिता ने सोमवार को शहर की एक अदालत में याचिका दायर कर अपराध स्थल पर दोबारा जाने की अनुमति मांगी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि वे 9अगस्त को 'नबन्ना अभियान'  और 14अगस्त को 'रिक्लेम द नाइट' प्रदर्शनों में शामिल होंगे। जो उस दर्दनाक घटना की पहली बरसी और महिलाओं के खिलाफ अपराधों के विरोध में जनाक्रोश को दर्शाने वाला एक महत्वपूर्ण कदम है। पीड़िता के माता-पिता का यह फैसला न केवल उनके दर्द को दर्शाता है, बल्कि न्याय की लड़ाई में उनकी दृढ़ता को भी उजागर करता है।

आरजी कर मेडिकल कॉलेज में पिछले साल बलात्कार और हत्या की शिकार हुई डॉक्टर के पिता ने मीडिया के साथ बातचीत के दौरान कहां "हमें नहीं लगता कि केंद्रीय जांच ब्यूरो सभी दोषियों को पकड़ने के लिए उचित जांच कर रहा है। इसलिए यह ज़रूरी है कि हम अपने कानूनी सलाहकार के साथ सेमिनार हॉल में पहुंच सकें जहां यह सब हुआ। दोबारा वहां जाने से हमारे वकीलों को भविष्य की अदालती कार्यवाही के दौरान सवालों के जवाब देने में मदद मिलेगी। अपराध स्थल के बारे में कई सवाल पूछे जाते हैं, जिन्हें हमारे मौजूदा वकील ने नहीं देखा है।" आगे उन्होंने बताया कि कलकत्ता उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति तीर्थंकर घोष ने उन्हें घटनास्थल पर दोबारा जाने की अनुमति लेने के लिए सियालदह अदालत से संपर्क करने का निर्देश दिया था।आपको बता दें कि पीड़िता के पिता ने कहा, "हमने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी और गरमागरम बहस के बाद इसे सीजेएम सियालदह को भेज दिया गया। सीजेएम ने कहा कि इस मामले की लिस्टिंग के 48 घंटे के अंदर कार्रवाई करनी होगी। हम क्राइम सीन पर नहीं जाएंगे, हमारे वकीलों की टीम जाएगी... संदीप घोष और अभिजीत मंडल दोनों कोर्ट में मौजूद रहेंगे... सीबीआई और राज्य सरकार के वकील भी वहां मौजूद रहेंगे। अगर आप सरकार के खिलाफ कुछ भी कहेंगे, तो वे आपके साथ कुछ करेंगे। हम अपनी लड़ाई शांतिपूर्ण तरीके से जारी रखेंगे।"

पिछले साल, मेडिकल कॉलेज के तत्कालीन प्राचार्य संदीप घोष पर अपराध स्थल के साथ छेड़छाड़ का आरोप लगा था, जब उनके हस्ताक्षर वाला एक आधिकारिक पत्र, जो 10अगस्त को जारी हुआ था, ऑनलाइन सामने आया। इस पत्र में अस्पताल के हर विभाग में "तत्काल" नवीकरण कार्य शुरू करने का निर्देश दिया गया था। इसके अलावा, पुलिस जांच को लेकर भी सवाल उठे, जब एक वीडियो ऑनलाइन वायरल हुआ, जिसमें पीड़िता का शव मिलने के बाद अपराध स्थल पर भीड़ दिखाई दी। पुलिस ने बाद में स्पष्ट किया कि पीड़िता के शव के आसपास "40फीट का क्षेत्र" घेर लिया गया था, लेकिन पीड़िता के माता-पिता ने इन दावों का खंडन किया। इस साल जनवरी में सिविक वॉलंटियर संजय रॉय को डॉक्टर के साथ बलात्कार और हत्या का दोषी ठहराया गया और आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। हालांकि, पीड़िता के माता-पिता ने मामले की आगे की जांच के लिए कलकत्ता उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी। द हिंदू के साथ पहले हुई बातचीत में, परिवार ने सीबीआई की चल रही जांच पर असंतोष जताया था।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें