यरुशलम से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल की दुनिया को एक साथ जोड़ दिया। 25 फरवरी 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी इजराइल यात्रा के दौरान एक हाई-टेक प्रदर्शनी में पहुंचे, लेकिन इस इवेंट की सबसे चर्चित झलक बनी एक देसी बाइक।
यरुशलम में आयोजित इस टेक एग्जीबिशन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, स्पेस टेक्नोलॉजी और स्मार्ट मोबिलिटी जैसे भविष्य के इनोवेशन प्रदर्शित किए गए। प्रधानमंत्री मोदी के साथ इजराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu भी मौजूद थे।
इसी दौरान दोनों नेताओं की नजर एक शानदार भारतीय मोटरसाइकिल पर जाकर टिक गई यह थी Royal Enfield की गोअन क्लासिक 350।
दोनों प्रधानमंत्रियों को बाइक के पास खड़े होकर बातचीत करते देखा गया। यह सिर्फ एक फोटो-ऑप नहीं था, बल्कि भारत की मैन्युफैक्चरिंग क्षमता और ग्लोबल ब्रांड वैल्यू का प्रतीक था।
इजराइल में रॉयल एनफील्ड की मजबूत राइडर कम्युनिटी है और वहां यह ब्रांड रोजमर्रा की राइडिंग से लेकर लॉन्ग टूरिंग तक के लिए पसंद किया जाता है। ऐसे में इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर इसकी मौजूदगी भारत के ऑटो सेक्टर के लिए बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
क्या है खास गोअन क्लासिक 350 में?
1. दमदार इंजन:
गोअन क्लासिक 350 में 349cc का एयर-ऑयल कूल्ड इंजन दिया गया है। यह 20.2 बीएचपी की पावर और 27 एनएम का टॉर्क जनरेट करता है। यानी शहर की सड़कों से लेकर हाइवे की लंबी राइड तक हर सफर आरामदायक।
2. 2026 अपडेट – असिस्ट और स्लिपर क्लच:
इसमें 5-स्पीड गियरबॉक्स है। नए मॉडल में असिस्ट और स्लिपर क्लच जोड़ा गया है। इससे गियर शिफ्ट करना आसान हो जाता है और तेज स्पीड पर डाउनशिफ्ट करते वक्त बाइक ज्यादा स्टेबल रहती है।
3. फास्ट चार्जिंग यूएसबी टाइप-सी:
लंबी यात्रा के दौरान फोन या नेविगेशन डिवाइस चार्ज करने के लिए फास्ट-चार्जिंग सपोर्ट वाला यूएसबी टाइप-सी पोर्ट दिया गया है यानी टेक-फ्रेंडली राइडिंग।
गोअन क्लासिक 350 सिर्फ परफॉर्मेंस ही नहीं, बल्कि अपने रेट्रो-बॉबर लुक के लिए भी जानी जाती है।
फ्लोटिंग सिंगल सैडल सीट इसे अलग पहचान देती है। एप-हैंगर हैंडलबार राइडर को कूल और रिलैक्स्ड पोस्चर देता है। क्रॉस-स्पोक ट्यूबलेस व्हील्स और टायर्स पर सफेद पट्टी इसे विंटेज और प्रीमियम फील देते हैं।
यह प्रदर्शनी ‘इंडिया-इजराइल इनोवेशन ब्रिज’ का हिस्सा थी। रक्षा और टेक्नोलॉजी के साथ अब ऑटोमोबाइल सेक्टर भी दोनों देशों के रिश्तों में नई मजबूती जोड़ रहा है।
रॉयल एनफील्ड की यह मौजूदगी बताती है कि भारतीय ब्रांड्स अब सिर्फ घरेलू बाजार तक सीमित नहीं हैं, बल्कि ग्लोबल प्लेटफॉर्म पर अपनी पहचान और प्रभाव दोनों मजबूत कर रहे हैं।
यरुशलम की इस तस्वीर ने एक संदेश साफ कर दिया भारत अब सिर्फ टेक्नोलॉजी में ही नहीं, बल्कि स्टाइल, डिजाइन और इंजीनियरिंग में भी दुनिया को प्रभावित कर रहा है।