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New cess bill: संसद में तंबाकू TAX विधेयक, गुटखा, पान मसाला के बढ़ जाएंगे दाम? | Amar Ujala

अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली Updated Mon, 01 Dec 2025 10:32 AM IST

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद के शीत सत्र में सिगरेट, गुटखा और पान मसाला जैसे अस्वास्थ्यकर उत्पादों पर Taxation के लिए दो नए विधेयक पेश करेंगी। केंद्रीय उत्पाद शुल्क संशोधन विधेयक, 2025, जीएसटी क्षतिपूर्ति उपकर का स्थान लेगा, जो वर्तमान में सिगरेट, चबाने वाले तंबाकू, सिगार, हुक्का, जर्दा और सुगंधित तंबाकू जैसे सभी तंबाकू उत्पादों पर लगाया जाता है। वहीं, स्वास्थ्य सुरक्षा से राष्ट्रीय सुरक्षा सेस विधेयक, 2025, पान मसाला जैसी विशिष्ट वस्तुओं के उत्पादन पर उपकर लगाने का प्रावधान करता है। खबरों की मानें तो हेल्थ सिक्योरिटी से नेशनल सिक्योरिटी सेस बिल, 2025' के तहत अब मशीन की क्षमता, मशीन कितनी बार चलती है और उत्पादन से जुड़े अन्य पहलुओं पर उपकर लगाया जाएगा। इस विधेयक के तहत बड़ा बदलावा जीएसटी दर में होने वाला है। तंबाकू उत्पादों पर जीएसटी पहले के 28 फीसदी प्लस कंपनसेशन सेस से बढ़कर 40 फीसदी प्लस कंपनसेशन सेस हो जाएगा। अभी कंपनसेशन सेस उत्पाद के अनुसार 5 फीसदी से लेकर 290 फीसदी तक लगता है। हालांकि जीएसटी दर बढ़ने के बाद भी उपभोक्ता जो कर चुकाएंगे उसमें बदलाव नहीं होगा।

इसको अगर उदाहरण से समझे तो किसी खास तरह के सिगरेट पर अभी 28 फीसदी जीएसटी के साथ-साथ 290 फीसदी कंपनशेसन सेस यानी कुल 318 फीसदी टैक्स लगता है। बदलाव के बाद जीएसटी 40 फीसदी रहेगा लेकिन कंपनसेशन सेस घटकर 278 फीसदी हो जाएगा। इस तरह उपभोक्ता को उस सिगरेट पर 318 फीसदी टैक्स ही देना होगा। संसद से विधेयक पारित होने और राष्ट्रपति के हस्ताक्षर के बाद सरकार नियमों को अधिसूचित करेगी। बता दे की सितंबर 2025 में GST ढांचे को सरल बनाया गया था, जिसमें 5%, 12%, 18% और 28% की बहु-स्तरीय संरचना को घटाकर केवल दो स्लैब- 5% और 18% किया गया। जबकि तंबाकू और लग्जरी वाहनों जैसे डेमेरिट गुड्स पर 40% का स्पेशल टैक्स रखा गया। इस बदलाव से हर दिन के इस्तेमाल के सामानों की कीमतों में कमी आई और यह FMCG, ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स और फार्मास्यूटिकल जैसे कई सेक्टर्स के कुल 375 सामानों पर लागू हुआ। इन बदलावों को अधिकतर सामानों के लिए 22 सितंबर से लागू किया गया लेकिन तंबाकू उत्पादों को नई संरचना से बाहर रखा गया। इन उत्पादों पर अभी भी 28% GST के साथ-साथ उपकर और अन्य शुल्क लगाए जाते हैं।

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