JDU राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा ने कहा, "मुख्यमंत्री पद की कोई वैकेंसी नहीं है.नीतीश कुमार ही मुख्यमंत्री रहेंगे.एक परिवारवादी पार्टी कांग्रेस ने दूसरी परिवारवादी पार्टी के व्यक्ति(राजद नेता तेजस्वी यादव) को मुख्यमंत्री का प्रत्याशी घोषित कर दिया। बिहार की जनता सब बात समझती है.सब जानते हैं कि बिहार में उनका कैसा काम रहा है और नीतीश कुमार ने क्या काम किया है, नीतीश कुमार परिवार को कभी राजनीति में नहीं लाए। बिहार की जनता ने उन्हें(RJD) पूरी तरह से नकार दिया है.चुनाव में NDA प्रचंड बहुमत से जीतेगी
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राजद नेता तेजस्वी यादव को महागठबंधन का सीएम चेहरा घोषित किए जाने पर कहा, "लालू यादव ने जबरदस्ती अपने बेटे को मुख्यमंत्री बनाने के लिए कांग्रेस और सभी पार्टियों को एक तरह से टॉर्चर किया जिस तरह लालू यादव ने 15 साल तक अपराधियों का राज चलाया उसी तरह उन्होंने अपने गठबंधन में गुंडागर्दी करके अपने बेटे को मुख्यमंत्री का दावेदार बनाया.बिहार की जनता ने उन्हें 15 साल तक सत्ता दी लेकिन बिहार की जनता को क्या मिला? लूट, हत्या, बलात्कार, भ्रष्टाचार और चोरी करने का इनाम. चोरी के आरोप में जो व्यक्ति पंजीकृत अपराधी हो चुका है उसके बेटे को मुख्यमंत्री का उम्मीदवार बनाया गया है। इसलिए आज लोकतंत्र के लिए शर्मशार करने वाला दिन है कि लालू यादव जैसे भ्रष्ट व्यक्ति के परिवार को महागठबंधन ने सत्ता के लिए समर्थन देने का काम किया है."
उन्होंने आगे कहा, "मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार कह रहे हैं कि 2 करोड़ 70 लाख लोगों को सरकारी नौकरी देंगे। आज हम लगभग 85 हजार करोड़ रुपये देते हैं और 22 लाख लोगों को सरकारी नौकरी मिलती है। यदि 2 करोड़ 70 लाख लोगों को सरकारी नौकरी दी जाएगी तो 12 लाख करोड़ रुपये खर्च होंगे