क्षेत्र की नौ पंचायतों को पुनर्गठित कर बनाई गई नई आठ पंचायतों में वोटर लिस्ट की सिफ्टिंग तथा बाड़बंदी का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस संबंध में पंचायत निरीक्षक संजय पराशर ने जानकारी देते हुए बताया कि बुधवार, 25 मार्च को आयोजित ग्राम सभाओं में सचिवों के माध्यम से प्राप्त दावों व आपत्तियों पर भी निर्धारित समय के भीतर कार्यवाही सुनिश्चित की गई है। उन्होंने बताया कि पंचायत पुनर्गठन की इस प्रक्रिया के तहत सभी औपचारिकताएं तय समयसीमा में पूरी कर ली गई हैं। ग्राम सभाओं में स्थानीय लोगों से प्राप्त सुझावों, दावों और आपत्तियों का गंभीरता से परीक्षण किया गया, ताकि किसी भी पात्र व्यक्ति का नाम मतदाता सूची से छूट न जाए और न ही किसी प्रकार की त्रुटि बनी रहे। संजय पराशर ने कहा कि संबंधित विभाग द्वारा सभी दावों और आपत्तियों का निपटारा नियमों के तहत किया जायेगा । अब आगामी कार्यवाही चुनाव आयोग के निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जैसे ही चुनाव आयोग की ओर से अगले आदेश प्राप्त होंगे, उसी के अनुरूप आगे की प्रक्रिया को अमल में लाया जाएगा। स्थानीय प्रशासन ने भी इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के लिए विशेष ध्यान दिया। अधिकारियों का कहना है कि पंचायतों के पुनर्गठन से क्षेत्र के विकास कार्यों को गति मिलेगी और प्रशासनिक कार्यों में भी सुगमता आएगी। गौरतलब है कि पंचायतों के पुनर्गठन और मतदाता सूचियों के पुनर्संयोजन की प्रक्रिया को लेकर क्षेत्र में लंबे समय से कार्य चल रहा था, जिसे अब अंतिम रूप दे दिया गया है।