देवता सत्यनारायण के साते जाच मेले में नाटी की भी धूम रही। तीन दिवसीय इस मेले में परंपरा निभाने के लिए तीन गांव बनाला, फनौटी और जुहड़ सहित रघुपुर घाटी के विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों व महिला मंडलों ने संयुक्त रूप से नाटी डाली। ढोल, नगाड़ों व पहाड़ी गानों के साथ डाली गई नाटी में महिलाओं ने बड़ी संख्या में भाग लिया।