आत्मरक्षा के गुरों को सीखकर न केवल हमलावर से अपने आप को बचाया जा सकता है बल्कि दूसरों की मदद भी की जा सकती है। किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति आने पर हमें उसका डटकर मुकाबला करना होगा। लड़कियां यदि मानसिक रूप से मजबूत हैं तो हमलावर की हिम्मत नहीं बढ़ेगी। यह बातें ग्रेटर नोएडा में अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से उच्च प्राथमिक स्कूल बिरौंडी में आयोजित अपराजिता कार्यक्रम में आत्मरक्षा प्रशिक्षक भारती श्रीवास्तव ने कही। उन्होंने छात्राओं से कहा कि पैनिक होंगे तो दिमाग में कुछ नहीं आएगा। यह आप पर निर्भर है कि किसी परिस्थिति का सामना कैसे किया जा सकता है। जब कोई हमला करे तो डरें नहीं।