सुकमा के छिंदगढ़ क्षेत्र में 17 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है। किशोरी का शव सुकमा से लगभग छह किलोमीटर दूर मुरपाल मार्ग के पास बरामद किया गया। इस मामले को लेकर शुक्रवार को मीडिया के जरिए परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस पर एफआईआर दर्ज करने में देरी का भी आरोप लगाया है।
जानकारी के अनुसार, छिंदगढ़ ब्लॉक के एक गांव की रहने वाली किशोरी कुछ दिन पहले घर से बाहर निकली थी, लेकिन इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। बाद में उसका शव मुरपाल मार्ग के पास मिला। घटनास्थल और परिस्थितियों को लेकर परिजनों का कहना है कि यह मामला साधारण दुर्घटना का नहीं है और पूरे घटनाक्रम की गहन जांच की जानी चाहिए।
परिजनों का आरोप है कि घटना के बाद उन्हें समय पर सूचना नहीं दी गई और मामले को अलग रूप देने की कोशिश की गई। उनका कहना है कि शिकायत दर्ज कराने के लिए पुलिस थाने पहुंचने के बावजूद एफआईआर दर्ज करने में देरी हुई, जबकि मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई जरूरी थी।
बताया गया है कि मृत किशोरी कक्षा 12वीं की छात्रा थी। घटना वाले दिन वह किसी कार्यक्रम में शामिल होने की बात कहकर घर से निकली थी, लेकिन बाद में उसकी मौत की सूचना मिली। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और मृत्यु के कारणों तथा घटनाक्रम से जुड़े सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जा रही है।