सरकार की ओर से विधवा, विकलांग और वृद्धावस्था पेंशन की राशि बढ़ाई जाएगी। इसके लिए केंद्र सरकार राज्यों से बात कर रही है। केंद्र को उम्मीद है कि राज्यों से शीघ्र इस पर सहमति बन जाएगी।
विधवा, विकलांग और वृद्धावस्था पेंशन की राशि पर हुए खर्च का वहन केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर करती हैं। लेकिन इस समय पेंशन के तहत दी जाने वाली राशि इतनी कम है कि इससे गुजारा होना मुश्किल है। बीच-बीच में पेंशन बढ़ाने की मांग भी होती रही है। लेकिन आगे बात नहीं बढ़ी। अब केंद्र सरकार ने मामले में पहल की है।
बुधवार को केंद्रीय जल संसाधन मंत्री हरीश रावत ने बताया कि पेंशन बढ़ाने पर केंद्र सरकार राज्यों से विचार-विमर्श कर रही है। बातचीत उच्च स्तर पर है। राशि कितनी बढ़ेगी इस पर स्थिति राज्यों से बातचीत पूरी होने के बाद स्पष्ट हो पाएगी।
अभी तक यह मिलती है पेंशन
विधवा- 400 रुपये प्रतिमाह
वृद्धावस्था- 400 रुपये प्रतिमाह
विकलांग- 600 रुपये प्रतिमाह
इस तरह तय होती है हिस्सेदारी
वृद्धावस्था पेंशन में केंद्र और राज्य सरकारें 50-50 प्रतिशत खर्च वहन करती हैं। विधवाओं को दिए जाने वाली पेंशन में भी इसी तरह दोनों सरकारें सहयोग करती है। लेकिन, केंद्र की ओर से उन्हीं विधवाओं की पेंशन में सहयोग दिया जाता है जिनकी उम्र 18-40 वर्ष के बीच और बीपीएल श्रेणी के तहत आती हैं। केंद्र की ओर से 80 फीसदी से अधिक विकलांग और बीपीएल कार्डधारकों की पेंशन में 200 रुपये प्रतिमाह का शेयर दिया जाता है।