फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बीमार वृद्धा को 18 किमी पैदल डंडी कंडी से पहुंचाया अस्पताल

विज्ञापन
उत्तरकाशी के लिवाड़ी गांव में इस तरह मरीज को डंडी कंडी के सहारे पहुंचाया गया सड़क तक। - फोटो : UTTER KASHI
विज्ञापन
मोरी विकासखंड का लिवाड़ी गांव मूलभूत सुविधाओं के लिए तरस रहा है। स्थिति यह है कि गांव की एक बीमार बुजुर्ग महिला को अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रामीणों को 18 किमी का पैदल सफर तय करना पड़ा। ग्रामीण डंडी कंडी के सहारे बुजुर्ग को सड़क तक लाए और फिर पीएचसी मोरी ले गए। जहां डॉक्टर ने वृद्धा को हायर सेंटर रेफर कर दिया।
विज्ञापन

विकासखंड मोरी के जखोल-लिवाड़ी निर्माणाधीन मोटर मार्ग का निर्माण कार्य अभी तक पूरा न होने से ग्रामीणों को खासी परेशानी हो रही है। क्षेत्र के लिवाड़ी, फिताड़ी, रेकचा, कासला व हरिपुर गांव को सड़क से जोड़ने के लिए जखोल-लिवाड़ी मोटर मार्ग स्वीकृत किया गया था। वर्ष 2013 में मोटर मार्ग का निर्माण शुरू हो चुका है, लेकिन अभी तक निर्माण कार्य पूरा नहीं हुआ है।
शुक्रवार को लिवाड़ी गांव निवासी कुला देवी (62) के घुटने में अचानक तेज दर्द शुरू हुआ। ग्रामीणों ने उन्हें 18 किमी पैदल डंडी कंडी के सहारे जखोल सड़क तक पहुंचाया और फिर पीएचसी मोरी। जहां प्राथमिक उपचार के बाद कुला देवी को हायर सेंटर रेफर किया गया। जिला पंचायत सदस्य हाकम सिंह ने बताया कि जखोल लिवाड़ी मोटर मार्ग का निर्माण कार्य वर्ष 2016 में होना था, लेकिन अभी तक सड़क का कटिंग कार्य भी पूरा नहीं किया गया है। हाकम सिंह ने बताया कि क्षेत्र में संचार व स्वास्थ्य सुविधाओं का बुरा हाल है। पांच गांवों के एक मात्र एलोपैथिक चिकित्सालय में भी पिछले आठ सालों से ताले लटके हुए हैं। हाकम सिंह ने बताया कि प्रशासन ने डेढ़ वर्ष पूर्व उनके गांव में सेटेलाइट फोन दिया था, जिसे दो दिन पूर्व ही तहसीलदार व स्थानीय राजस्व उपनिरीक्षक वापस ले गए हैं।
विज्ञापन

क्षेत्र में सड़क मार्ग क्षतिग्रस्त है, जिसे पीएमजीएसवाई ने दुरुस्त करना था। लेकिन लगातार मौसम खराब होने के कारण सड़क की मरम्मत नहीं हो पा रही है। पीएमजीएसवाई को जल्द मरम्मत के लिए बोल दिया गया है। लिवाड़ी में पीएचसी किराए के भवन पर संचालित होता है। यह स्थायी भवन के लिए भूमि तलाशने के लिए कहा गया है। गांव में दो सेटेेलाइट फोन दिए गए हैं। -मयूर दीक्षित, डीएम उत्तरकाशी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें