रुद्रपुर। जिला पंचायत उपाध्यक्ष त्रिनाथ विश्वास को जिला पंचायत सदस्य के लिए अयोग्य घोषित कर दिया गया है। वह जांच में जिला पंचायत चुनाव में गलत शैक्षिक प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने के दोषी पाए गए हैं। डीएम रंजना राजगुरू ने उनका नामांकन खारिज करते हुए इसकी प्रतिलिपि आगे की कार्यवाही के लिए राज्य निर्वाचन आयोग और सचिव पंचायती राज को भेज दी है।
इधर, जिला पंचायत राज अधिकारी की तहरीर पर पंतनगर थाने में निर्वाचन आयोग में कार्यरत वरिष्ठ सहायक और चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी के खिलाफ धारा 420, 120बी सहित लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 125ए के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
जिला पंचायत क्षेत्र खटोला से जिला पंचायत सदस्य और जिला पंचायत उपाध्यक्ष त्रिनाथ विश्वास पर त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में फर्जी और कूटरचित हाईस्कूल की अंकतालिका लगाने पर पंतनगर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। कालीनगर निवासी यूथ कांग्रेस के सोशल मीडिया विंग के कुमाऊं अध्यक्ष किशोर कुमार हालदार ने 20 जून को राज्य निर्वाचन आयोग में त्रिनाथ के खिलाफ शिकायत की थी।
जांच रिपोर्ट में इसकी पुष्टि होने के बाद डीएम ने डीपीआरओ को जिला पंचायत उपाध्यक्ष त्रिनाथ के खिलाफ के खिलाफ केस दर्ज करने के निर्देश दिए थे। साथ ही अनर्ह यानी अयोग्य घोषित करने को कारण बताओ नोटिस जारी कर 10 दिनों के भीतर जवाब देने को कहा था लेकिन वह कमेटी के समक्ष साक्ष्य उपलब्ध नहीं करा पाए। त्रिनाथ ने अपना पक्ष रखते हुए कहा कि उन्होंने नोटरी करवाने के बाद अंकतालिका लगाई थी। उन्होंने एक जनप्रतिनिधि पर उनके खिलाफ साजिश करने का आरोप लगाया था।
डीएम ने बताया कि त्रिनाथ विश्वास ने अपने प्रत्युत्तर में उत्तराखंड पंचायती राज अधिनियम 2016 की धारा 131 (एच) (1) (10) का उल्लेख किया है, जो औचित्यहीन है। इससे स्पष्ट होता है कि श्रीनाथ विश्वास ने नामांकन पत्र संलग्न किए गए शैक्षणिक प्रमाण पत्र फर्जी एवं कूटरचित पाया जाना उत्तराखंड पंचायती राज अधिनियम 2016 की धारा 90 की उपधारा (1) (थ) का उल्लंघन है। इस प्रकार त्रिनाथ जिला पंचायत सदस्य के पद के लिए अयोग्य हैं। मामले में एक माह पहले ही त्रिनाथ के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया जा चुका था।
इधर, जिला पंचायत राज अधिकारी विद्या सिंह सोमनाल ने बताया कि निर्वाचन के दौरान सरकारी प्रमाणपत्र के हेरफेर में निर्वाचन आयोग में कार्यरत वरिष्ठ सहायक संजीव कुमार एवं संविदा कर्मी गणेश राम आर्य मिलीभगत सामने आई है। उक्त दोनों ने त्रिनाथ विश्वास को लाभ पहुंचाने के लिए सरकारी कागजों में हेरफेर किया था।
इधर, पंतनगर थाने के कार्यवाहक एसओ, एसआई विपुल जोशी ने बताया कि जिला पंचायत राज अधिकारी विद्या सिंह सोमनाल की तहरीर के आधार पर शनिवार देर रात को निर्वाचन आयोग में कार्यरत वरिष्ठ सहायक संजीव कुमार एवं संविदा कर्मी गणेश राम आर्य के खिलाफ चुनाव में जानबूझकर तथ्यों को छुपाने, धोखाधड़ी करने आदि की धाराओं 420, 120बी सहित लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 125ए के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। तहरीर के अनुसार इन लोगों को नामांकन में त्रिनाथ की ओर से लगाए गए फर्जी दस्तावेजों की पूरी जानकारी थी लेकिन इन लोगों ने इस बात को छुपाए रखा।