काशीपुर। खुद को पुलिस कर्मी बताकर ज्वेलर्स की दुकान से पौने दो लाख रुपये के जेवरात ठगने का आरोपी 50 दिन बाद भी पुलिस के हत्थे चढ़ सका है। पुलिस और एसओजी की टीमें कुछ मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर लगाकर आरोपी तक पहुंचने के प्रयास में जुटी हैं। उसकी धरपकड़ के लिए यूपी पुलिस की भी मदद ली जा रही है।
आरोपी 16 सितंबर को मोहल्ला किला में सुभाष चंद्र वर्मा की दुकान पर पहुंचा। उसने खुद को कोतवाली में तैनात पुलिस कर्मी बताकर बेटी की शादी के लिए जेवरात दिखाने के लिए कहा। सराफ सुभाष ने दूसरी दुकान से सोने की पांच अंगूठी, गले का लॉकेट, टॉप्स और कड़े आदि लाकर उसे दिखाए लेकिन ग्राहक बनकर आए ठग ने यह जेवर पसंद न आने की बात कही और नए डिजाइन दिखाने के लिए कहा। इस बीच वह दुकान से जेवरात चुरा ले गए।
उसके जाने के बाद दुकानदार को चोरी का पता चला। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज चेक कर ठग के बारे में जानकारी जुटाई तो वह मूलत: मध्य प्रदेश निवासी खानाबदोश गैंग का सदस्य बताया गया लेकिन वह परिवार के साथ अपने ठिकाने बदलते रहता है। उसके खिलाफ यूपी के सीतापुर और दूसरे जिलों में भी मुकदमे बताए गए हैं। वारदात के समय आरोपी का परिवार लक्सर और रुड़की में ठहरा था। पुलिस ने दोनों स्थानों पर दबिश दी, लेकिन वह हत्थे नहीं चढ़ पाया।
एसपी प्रमोद कुमार ने बताया कि शुरुआत में आरोपी से संबंधित मोबाइल फोन नंबरों को सर्विलांस पर लगाया गया था लेकिन कोई नतीजा नहीं मिला। अब कुछ और मोबाइल नंबर जुटाए गए हैं। इन नंबरों के आधार पर आरोपी तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। एसपी ने उम्मीद जताई कि जल्द की आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होगा।