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काशीपुर कोतवाली में दर्ज हुए ऑनलाइन ठगी के तीन मामले

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Cyber Fraud in Kashipur
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काशीपुर। तमाम जागरूकता के बावजूद लोग साइबर ठगों के के बहकावे में आ रहे हैं। साइबर ठगी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। थोड़े से लालच में वह वह अपनी कमाई का बड़ा हिस्सा ठगों पर लुटवा रहे हैं। साइबर ठगों ने मालभाड़े, नौकरी लगवाने और क्रेडिट कार्ड बनवाने का झांसा देकर तीन लोगों से करीब 1.85 लाख रुपये की रकम हड़प ली। तीनों मामलों में साइबर सेल से कराई गई प्रारंभिक जांच के बाद मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
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केस एक
आदर्शनगर फेस-2 निवासी खीमानंद ने रिपोर्ट दर्ज कराई है कि 14 फरवरी को गूगल से नंबर सर्च कर एक ट्रांसपोर्ट पर फोन किया था। उसने आर्मी स्कूल रुड़की से पटना (बिहार) सामान के लिए भाड़ा 65 हजार रुपये मांगा। गाड़ी आर्मी स्कूल पहुंचने की बात कहते हुए चालक ने गेट पास बनाने की कुछ फार्मेल्टी करने की बात कही और उसके खाते में कुछ रकम डालने को कहा। कथित ट्रांसपोर्टर ने भेजा गया कोड स्कैन करने को कहा। कोड स्कैन करने पर उसके खाते से एक रुपया कट गया और दो रुपये वापस आ गए। फिर से भेजा गया कोड स्कैन करने पर उसके बैंक खाते से एक लाख रुपये की रकम कट कई।
केस दो
नौकरी का झांसा देकर युवती से ठगे 42 हजार रुपये
काशीपुर। एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी दिलाने का झांसा देकर साइबर ठग ने एक युवती से 41, 964 रुपये ठग लिए। मानपुर निवासी खुशबू शर्मा ने पुलिस को दी तहरीर में कहा कि एक दिसंबर को उसके मोबाइल पर किसी ने कॉल की। उसने खुद को एक एजेंसी का कर्मचारी बताया। उसने कहा कि उनकी कंपनी युवक-युवतियों को अलग-अलग कंपनियों में नौकरी दिलवाती है। रजिस्ट्रेशन फॉर्म के नाम पर उसने सौ रुपये जमा कराने को कहा। इसके बाद उसने एक ओटीपी भेजा। इस लिंक को खोलते ही युवती के खाते से 41, 964 रुपये कट गए।
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केस तीन
क्रेडिट कार्ड बनाने के नाम पर ठगे 43,435 रुपये
काशीपुर। एक फाइनेंस कंपनी का क्रेडिट कार्ड बनाने के नाम पर युवक से 43,435 रुपये ठग लिए गए। आर्यनगर कॉलोनी निवासी गौरव कुमार ने पुलिस को बताया कि उसके मोबाइल पर एक कॉल आई। उसने खुद को एक फाइनेंस कंपनी का कर्मचारी बताया। उसने एसबीआई कार्ड के आधार पर अपनी फाइनेंस कंपनी का एक क्रेडिट कार्ड बनाने का ऑफर दिया। इसके लिए गौरव से आधार कार्ड, पेन कार्ड, फोटो और क्रेडिट कार्ड व्हाट्सएप पर भेजने को कहा गया। उसने सारे दस्तावेज व्हाट्सएप पर भेज दिए। एसबीआई कार्ड के तस्दीक के लिए एक रुपये पेमेंट भेजने को कहा। उसने पेमेंट के लिए अपना कार्ड व बाकी विवरण फीड किया। 18 फरवरी को उसके क्रेडिट कार्ड से 43,435 रुपये कट गए।
साइबर ठगी से इस तरह बचें
-किसी भी तरह के ऑफर और लालच में न आएं
-अनजान व्यक्ति से फोन पर बात कर उसके बहकावे में न आएं
-फेसबुक, ट्विटर आईडी का पासवर्ड स्ट्रांग रखें, सरल पासवर्ड न रखें।
-कोई रुपयों की मांग करता है तो पहले जांच लें या मैसेज करने वाले से फोन पर संपर्क करें।
- याद रहे कि बैंक कर्मचारी कभी भी फोन पर डिटेल्स नहीं मांगते हैं।
ऑनलाइन ठगी के तीन मामलों में पुलिस को तहरीर मिली थी। साइबर सेल से जांच के बाद तीनों मामलों में मुकदमे दर्ज कर लिए गए हैं। लोगों से साइबर ठगी के प्रति जागरूक रहने की अपील की जा रही है। - चंद्रमोहन सिंह, एसपी काशीपुर।
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