ऑलवेदर रोड परियोजना में रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड हाईवे पर घटिया निर्माण कार्य की जांच, प्रभावितों को मुआवजा व दोषी अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर केदारघाटी के शेरसी व मैखंडा गांव के ग्रामीणों का धरना 27वें दिन भी जारी रहा। उन्होंने जल्द कार्रवाई नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
पूर्व जिला पंचायत सदस्य राजाराम सेमवाल के नेतृत्व में ग्रामीणों ने एनएच व कार्यदायी कंपनी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने कहा कि आंदोलन को एक माह होने वाला है लेकिन तहसील व जिला प्रशासन ने अब तक दोषी अधिकारियों व ठेकेदार के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं की है। छह माह पूर्व बिना अनुमति व ग्रामीणों की एनओसी के एनएच व कार्यदायी कंपनी ने सड़क चौड़ीकरण के नाम पर गांव की वन संपदा व अन्य परिसंपत्तियों को क्षति पहुंचाई है, जो गंभीर विषय है। मामले में जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आमरण अनशन के साथ केदारघाटी में जगह-जगह प्रदर्शन किए जाएंगे। प्रदर्शन करने वालों में विक्रम लाल, रमेश लाल, पवन कुमार, किशन लाल, सुमित अग्रवाल, धर्म सिंह, दौलत सिंह रावत आदि शामिल थे।