जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने मनरेगा में कमजोर प्रदर्शन करने वाले जेई और ग्रामीण रोजगार सेवक को तत्काल प्रभाव से हटाने के साथ आदेश दिए। डीएम ने कहा कि योजना के कार्यों में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने बैठक में उपस्थित नहीं होने पर वन व सिंचाई विभाग के जिला स्तरीय अधिकारियों से स्पष्टीकरण भी मांगा।
डीएम ने जिले के तीनों ब्लाकों में मनरेगा कार्यों की ग्रामवार मॉनीटरिंग के लिए खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए। कहा कि योजना के तहत गांवों में कौन-कौन से कार्य हो रहे हैं और कार्यों की गुणवत्ता क्या है, इसके बारे में नियमित रिपोर्ट दें। उन्होंने निर्माणाधीन कार्यों की एमबी, जियो टैगिंग के कार्य समय पर पूरा करने को भी कहा। उन्होंने मनरेगा योजना में 90 दिन का कार्य करने वाले जॉब कार्ड धारकों को श्रम विभाग की योजनाओं से लाभान्वित कराने के लिए बीडीओ को जरूरी निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सरदार सिंह चौहान, जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर, सहायक विकास अधिकारी रमेश कुमार, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. रमेश सिंह नितवाल आदि मौजूद थे। ब्यूरो