केदारनाथ यात्रा के अंतिम बस्ती पड़ाव गौरीकुंड में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया। इस दौरान कई जगहों पर पानी व मलबा घुसने की सूचना है। साथ ही केदारनाथ जाने वाले यात्रियों को भी खासी दिक्कतें झेलनी पड़ी।
बुधवार को सुबह करीब सात से नौ बजे तक गौरीकुंड में जमकर बारिश हुई। इस दौरान बाजार सहित बस स्टेशन व गौरी माई मंदिर मार्ग पर मंदिर परिसर तक कई जगहों पर पानी भर गया। यहां तक कि गढ़वाल मंडल विकास निगम के विश्राम गृह के समीप से बरसाती नाला उफान पर रहा। व्यापार संघ अध्यक्ष अरविंद गोस्वामी ने बताया कि बरसात की पहली बारिश ने कस्बे में आपदा प्रबंधन की तैयारियों की पोल खोलकर रखी दी है।
इधर, ऊखीमठ सहित केदारघाटी क्षेत्र में भी देर शाम को लगभग आधे घंटे तक मूसलाधार बारिश हुई। वहीं, जिला मुख्यालय रुद्रप्रयाग सहित अन्य क्षेत्रों में दिनभर बादल छाए रहे। उधर, केदारनाथ में भी दिनभर रुक-रुककर हल्की बारिश होती रही।
नहीं उड़े हेलीकॉप्टर
केदारनाथ धाम में दिनभर मौसम खराब होने के कारण बुधवार को केदारघाटी से हेलीकॉप्टरों की एक भी उड़ान नहीं हो पाई। हेलीकॉप्टर सेवा के सहायक नोडल अधिकारी सुरेंद्र सिंह पंवार ने बताया कि दिनभर केदारघाटी में कोहरा छाया रहा, जिससे हेलीकॉप्टर ने एक भी शटल नहीं की। उन्होंने बताया कि बीते मंगलवार को भी सिर्फ दो शटल हुईं थी। इस दौरान कुल 12 यात्री ही केदारनाथ पहुंच पाए थे।