जनता जूनियर हाईस्कूल लुकिंद्रधार में तैनात सहायक शिक्षक की बीएड की डिग्री फर्जी पाई गई है। विभाग ने विद्यालय प्रबंधन समिति को पत्र भेजकर मामले में कार्रवाई करने के लिए कहा है। जिले में बीते दो वर्षों में ऐसे 22 शिक्षक पकड़े गए हैं। एसआईटी की जांच के बाद 18 शिक्षकों की सेवा समाप्त कर दी गई है।
जिले में शासकीय व अशासकीय विद्यालयों में फर्जी डिग्री के आधार पर नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों का लगातार खुलासा हो रहा है। अब, जनता जूनियर हाईस्कूल लुकिंद्रधार में बीएड की फर्जी डिग्री का मामला प्रकाश में आया है। यह शिक्षक लंबे समय से विद्यालय में नौकरी कर रहा था। एसआईटी की जांच में शिक्षक की डिग्री फर्जी पाई गई। अधिकारियों के अनुसार जिले में अभी तक सामने आए मामलों में ज्यादातर शिक्षकों की डिग्री 1994 से 2005 के बीच की है। इन लोगों ने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से बीएड करने की बात कही थी। लेकिन विवि में इन शिक्षकों का कोई रिकार्ड नहीं मिला।
जिले में एसआईटी जांच के बाद अभी तक 18 शिक्षकों की सेवा समाप्त कर दी गई है। एक शिक्षक की मृत्यु हो चुकी है। वहीं, दो शिक्षक निलंबित चल रहे हैं। जिला शिक्षाधिकारी माध्यमिक लक्ष्मण सिंह दानू ने बताया कि जनता जूनियर हाईस्कूल लुकिंद्रधार में सहायक शिक्षक की बीएड की डिग्री एसआईटी जांच में फर्जी पाई गई है। इस संबंध में विद्यालय प्रबंधन को जरूरी निर्देश दे दिए गए हैं।