जन सांख्यिकी परिवर्तन को लेकर सरकार के कदम के बाद खुफिया विभाग सक्रिय हो गया है। सूत्रों के अनुसार, हरिद्वार के लिए प्रदेश सरकार की ओर से मौखिक आदेश जारी होने के बाद खुफिया विभाग ने डेमोग्राफी में समुदाय विशेष के लोगों का आंकड़ा जुटाना शुरू कर दिया है। प्रारंभिक इनपुट के अनुसार, मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में भी समुदाय विशेष की संख्या में इजाफा हो रहा है।
पिछले कुछ दिनों से पहाड़ी क्षेत्रों में समुदाय विशेष के लोगों की संख्या में बढ़ोतरी को लेकर इनपुट का मामला चर्चाओं में है। प्रदेश सरकार इसे लेकर गंभीर नजर आ रही है। सूत्रों के अनुसार, सरकार ने हरिद्वार जिले की खुफिया विभाग को अलर्ट कर डेमोग्राफी में परिवर्तन पर रिपोर्ट मांगी है। हालांकि, अधिकारी मौखिक आदेश पर सीधे प्रतिक्रिया देने से बच रहे हैं, लेकिन खुफिया विभाग के जरिये मिश्रित आबादी और बाहरी क्षेत्रों में बढ़ रहे विशेष समुदाय के लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है। जानकारी के अनुसार, रुड़की के सुनहरा क्षेत्र में पांच साल पहले अनुसूचित जाति के अधिक लोग थे। यहां अब समुदाय विशेष के लोग इनकी ही संख्या के समान हो गए हैं। देखने में आ रहा है कि बाहरी सीमाओं में समुदाय विशेष के लोग बढ़ रहे हैं।
हालांकि, रुड़की क्षेत्र में यह बढ़ोतरी तेजी से नहीं हो रही है, लेकिन समुदाय विशेष बाहुल्य कॉलोनियां जैसे सलमान कॉलोनी, ग्रीन पार्क, मच्छी मोहल्ला, गुलाबनगर, रामपुर आदि में जनसंख्या बढ़ रही है। इसके अलावा मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में भी समुदाय विशेष के लोगों की संख्या बढ़ रही है। खुफिया विभाग के सूत्रों के अनुसार, वैसे तो हर छह माह में समुदाय विशेष की रिपोर्ट तैयार होती है, लेकिन इस बार गहनता से समुदाय विशेष बाहुल्य और मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों की पड़ताल कर रिपोर्ट तैयार करने के मौखिक आदेश मिले हैं।
--
पांच साल में बिना वीजा पकड़े गए 10 विदेशी
खुफिया विभाग की धार्मिक स्थल पिरान कलियर क्षेत्र पर भी कड़ी नजर है। क्योंकि, देश-विदेश से यहां हर साल हजारों लोग पहुंचकर मन्नत मांगते हैं। इनकी आड़ में अवैध रूप से विदेशियों के छिपने का डर रहता है। पिछले पांच वर्षों में खुफिया विभाग ने चोरी-छिपे बिना वीजा के रह रहे 10 लोगों को पकड़ा है।
--
समुदाय विशेष बाहुल्य क्षेत्र में रह रहा था पाकिस्तानी
वर्ष 2010 में पासपोर्ट अधिनियम और जासूसी के मामले में बीएसएम तिराहे से पाकिस्तानी नागरिक आबिद उर्फ असद को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उसने रुड़की की एक युवती से शादी कर ली थी। तभी से वह समुदाय विशेेष बाहुल्य क्षेत्र इमली रोड पर रह रहा था। पाकिस्तानी नागरिक का मामला हाईकोर्ट में चल रहा था। एक सप्ताह पूर्व हाईकोर्ट ने उसकी सजा बरकरार रखी थी। इसके बाद वह फरार हो गया था, लेकिन खुफिया विभाग ने पकड़ लिया था।
--
ये पकड़े गए हैं विदेशी नागरिक
वर्ष 2017
मोहम्मद अब्दुल गफ्फूर निवासी राजशाही, बांग्लादेश
मोहम्मद इस्लाम निवासी ढाका, बांग्लादेश
दीन मोहम्मद उर्फ दिल्ली, निवासी जलकीरी बांग्लादेश
--
वर्ष 2018
कतिल सफा निवासी निंगरहार, अफगानिस्तान
साहिबलू इस्लाम निवासी बांग्लादेश
नसरीन निवासी बांग्लादेश
असेखउर्रहमान निवासी बांग्लादेश
--
वर्ष 2019
मोहम्मद बादशाह, निवासी बांग्लादेश
--
वर्ष 2020
मोहम्मद उज्जल, निवासी ढाका बांग्लादेश
--
वर्ष 2021
सरोअर हुसैन, निवासी बंग्लादेश