कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच रुड़की विधानसभा क्षेत्र के सभी मतदान केंद्रों पर पोलिंग पार्टियों ने पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया है। सोमवार को होने वाले मतदान के लिए पोलिंग पार्टियों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। अधिकारियों ने मतदान के लिए प्रपत्रों को बूथों पर पहुंचते ही तैयार करना शुरू कर दिया। वहीं कोरोना को देखते हुए एक दिन पहले सभी मतदान केंद्रों को सैनिटाइज भी कर दिया गया।
रविवार को प्रत्याशियों का शोरगुल थम गया और पोलिंग पार्टियों ने रुड़की विधानसभा में बने 53 मतदान केंद्र और 144 बूथों पर पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया। एक बूथ के लिए पोलिंग पार्टी में चार सदस्य इसमें एक पीठासीन अधिकारी और तीन मतदान अधिकारी प्रथम, द्वितीय व तृतीय होते हैं। एक मतदान केंद्र पर दो या इससे अधिक बूथ भी हो सकते हैं। रविवार शाम को अपने-अपने केंद्रों पर पहुंचकर पोलिंग पार्टियों ने व्यवस्थाएं देखीं। साथ ही आज होने वाले मतदान के लिए सभी प्रपत्रों को चेक किया। टेबल से लेकर ईवीएम को सेट करने और अन्य दस्तावेज तैयार किए गए। इसके साथ ही बूथों पर क्रम संख्या से लेकर वोटर लिस्ट आदि चस्पा करने का काम भी निपटाया।
कम से कम 50 डालने होंगे मॉक वोट
पोलिंग पार्टियों को सुबह आठ बजे हर हाल में मतदान शुरू करना है। इससे पहले उन्हें ईवीएम से कम से कम 50 मॉक वोट डलवाने होते हैं क्योंकि इन मॉक वोट से मशीन के सही या गलत चलने की जांच भी हो जाती है। इसके साथ ही प्रत्याशियों के मन में चलने वाले भ्रम को भी दूर किया जाता है। इसके लिए इन मॉक वोट को मौके पर मौजूद विभिन्न प्रत्याशियों के मतदान अभिकर्ताओं से ही डलवाए जाते हैं। अधिकतम मॉक वोट डालने की कोई सीमा तय नहीं है जबकि ईवीएम से कम से कम 50 मॉक वोट डलवाना अनिवार्य है। इसके बाद इन मॉक वोट की पर्चियां निकालकर बाकायदा मतदान अभिकर्ताओं को दिखाकर और उनके सामने ही इन्हें रिकॉर्ड के लिए लिफाफे में सील कर दिया जाता है।