दारमा घाटी के दर के समीप एक यूटिलिटी वाहन अनियंत्रित होकर गहरी खाई में गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई। शवों को खाई से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए धारचूला लाया गया है। दुर्घटना बुधवार को हो गई थी, हादसा जंगल क्षेत्र में होने और संचार सुविधा न होने के चलते जानकारी बृहस्पतिवार को ही हो पाई।
बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने खाई में वाहन गिरा देखा तो सूचना दारमा घाटी में तैनात आईटीबीपी की 36वीं वाहिनी के जवानों को दी। आईटीबीपी ने वायरलैस से धारचूला प्रशासन को सूचना दी। सूचना मिलते ही धारचूला के उपजिलाधिकारी वरुण अग्रवाल, तहसीलदार विपिन चंद्र मुनगली, सीओ विमल कुमार आचार्य, थानाध्यक्ष विजेंद्र साह, पटवारी उदय भंडारी, हुकुम सिंह धामी एसडीआरएफ के जवानों के साथ मौके के लिए रवाना हुए। 108 एंबुलेंस को भी मौके पर भेजा गया। वहां पहुंचने पर पुलिस और आईटीबीपी के जवानों ने खाई में पड़े शवों को निकाला। मृतकों की पहचान वाहन चालक अशोक कुमार थापा पुत्र मदन लाल निवासी पंतनगर उधमसिंह नगर, नेपाल निवासी भीम और मान सिंह बूड़ाथोकी के रूप में की गई। वाहन में किसी घायल के होने के होने की संभावना को देखते हुए खाई और इसके आसपास सर्च अभियान चलाया गया लेकिन कोई घायल नहीं मिला।
बीमार मजदूर को ला रहा था धारचूला
दारमा घाटी में इस समय सड़क निर्माण का कार्य चल रहा है। वाहन स्वामी और मेट राजेंद्र कुमार थापा ने बताया कि बुधवार की शाम को भीम नामक नेपाली मजदूर की तबियत खराब हो गई थी। उसे शाम लगभग पांच बजे वाहन से उपचार के लिए दुग्तू से धारचूला अस्पताल भेजा गया था। इसी दौरान यह हादसा हो गया।