चंपावत में ग्राम प्रधानों के साथ गूगल मीट करते डीएम विनीत तोमर।
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मूनाकोट(पिथौरागढ़)। प्रधान संगठन ने कोरोना महामारी की तीसरी लहर में प्रशासन से मिले आदेश का विरोध किया है। प्रधानों ने प्रशासन से ब्लॉक स्तर पर घोषित कोरोना योद्धाओं से तीसरी लहर में काम कराने के लिए कहा है।
प्रशासन और सरकार ने आठ जनवरी को कोरोना महामारी की तीसरी लहर में गांवों में प्रधानों से लोगों को जागरूक करने की बात कही है। प्रधान संगठन ने प्रशासन के आदेश का विरोध किया है। प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष श्याम सुंदर सिंह सौन ने बताया कि कोरोना की पहली और दूसरी लहर में प्रधानों ने गांवों में सराहनीय कार्य किए। उसके बावजूद ग्राम प्रधानों को फ्रंटलाइन वॉरियर्स घोषित नहीं किया गया।
सरकार ने गांव की आशा, आंगनबाड़ी, ग्राम विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी आदि को कोरोना योद्धा के सम्मान से नवाजा। 25 नवंबर को रुद्रपुर में मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने ग्राम प्रधानों को कोरोना वॉरियर्स घोषित करते हुए 10 हजार की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की गई। आचार संहिता लगने के बाद भी उस घोषणा पर कोई शासनादेश नहीं किया गया। इस कारण जिले के समस्त ग्राम प्रधान नाराज हैं। अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। इसके चलते कोरोना की तीसरी लहर में मिले आदेश का ग्राम प्रधानों ने विरोध किया है।
कोविड संबंधी लक्षण आएं तो तुरंत जांच कराएं : डीएम
चंपावत। डीएम विनीत तोमर ने कोविड-19 के बढ़ते संक्रमण को लेकर ऑनलाइन माध्यम से ग्राम प्रधानों और जनप्रतिनिधियों से वार्ता की। उन्होंने कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए जिले में सोमवार से बूस्टर डोज लगना शुरू हो गया। कहा कि जिन लोगों को दूसरी डोज लगे नौ माह पूरे हो गए हैं, उन सभी लोगों को बूस्टर डोज लगवाना चाहिए। उन्होंने क्षेत्र में किसी को भी कोविड संबंधित को लक्षण आने पर तुरंत उसकी सैंपलिंग व टेस्टिंग कराकर अस्पताल में भर्ती कराने की अपील की है। ऑनलाइन बैठक से सीडीओ राजेंद्र सिंह रावत, सीएमओ डॉ.केके अग्रवाल आदि भी जुड़े।