पिथौरागढ़। कृषि विभाग इस सत्र में नेशनल मिशन फाॅर सस्टेनेबल एग्रीकल्चर योजना के तहत आठ गांवों में क्लस्टर भूमि बनाकर कर काश्तकारों को लाभान्वित करेगा। विभाग काश्तकारों को आधुनिक कृषि के लिए बीजों का वितरण करता है। इससे काश्तकारों के उत्पादन में काफी लाभ पहुंचा है।
विभाग से मूनाकोट ब्लॉक के बडालू, कनालीछीना के सतगढ़, बिण के पाली, मलान, मुनस्यारी के बोथी, डीडीहाट के गलाती, जाख धोलेत, बेड़ीनाग के गराऊ और गंगोलीहाट के अनोली में क्लस्टर बनाया जाएगा। वर्तमान में कार्ययोजना के लिए धनराशि आवंटित नहीं हुई है। विभाग ने वित्तीय सत्र में 48.37 लाख रुपये की लागत से सतगढ़, पाली, मलान, गलाती, मुनस्यारी के इमला, अनोली, गराऊ में 160 हेक्टेयर भूमि को क्लस्टर बनाया है।
इस योजना से 9,213 काश्तकार लाभान्वित हुए जहां बीजों की प्रदर्शनी, मत्स्य पालन, मौन पालन और वर्मी कंपोस्ट पर कार्य किया गया। विभाग काश्तकारों को मांग के मुताबिक बीजों का वितरण, मछली बीज उपलब्ध कराना, मौन बॉक्स उपलब्ध कराने का कार्य करता है। विभाग काश्तकारों को बाजार की तुलना में 50 प्रतिशत अनुदान में बीज उपलब्ध कराता है।
कोट
क्लस्टर भूमि के उत्पादों को काश्तकार बाजार में बिक्री कर अच्छी आमदनी करता है। विभाग काश्तकारों को बेहतर फसल का उत्पादन करने के लिए प्रशिक्षण देता है। - अमरेंद्र कुमार चौधरी, मुख्य कृषि अधिकारी, पिथौरागढ़