कुमाऊं मंडल के जंगलों के धधकने का असर हल्द्वानी से पिथौरागढ़, चंपावत और मुन्स्यारी को शुरू हुई हैली सेवा पर भी पड़ा है। बीते दो तीन दिन से वातावरण में छाए धुएं के कारण इन तीनों स्थानों के लिए हैली सेवा का संचालन नहीं हो रहा था। सोमवार को पिथौरागढ़ और चंपावत के लिए हैली सेवा शुरू करा दी गई है जबकि मुन्स्यारी के लिए हैली सेवा का संचालन अभी भी शुरू नहीं हो सका है।
बता दें कि शासन ने उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण के सहयोग से इसी साल 22 फरवरी को गौलापार स्थित हैलीपैड से चंपावत, पिथौरागढ़ और मुनस्यारी के लिए हवाई सेवा शुरू की थी। इसका लाभ स्थानीय लोगों और सैलानियों को मिल रहा था। तीनों स्थानों के लिए हैली सेवा को यात्री भी नियमित रूप से मिल रहे थे।
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पिछले कुछ दिनों से पहाड़ में बड़ी संख्या मेें वनाग्नि की घटनाएं होने के कारण वातावरण में चारों ओर धुंआ ही धुंआ छा गया था। चारों ओर धुआं छाने के कारण दृश्यता भी प्रभावित हुई थी। इसे देखते हुए हेली सेवा को दो दिनों के लिए स्थगित कर दिया गया था। बताया जाता है कि सोमवार को दृश्यता में सुधार होने पर प्रशासन ने पिथौरागढ़ व चंपावत के लिए फिर से हैली सेवा शुरू कर दी जबकि मुनस्यारी क्षेत्र में दृश्यता की स्थिति में सुधार न होने के कारण वहां के लिए अभी भी हैली सेवा शुरू नहीं की गई है।
जंगलों में आग लगने के कारण दृश्यता प्रभावित हुई थी जिसके चलते तीनों स्थानों के लिए हैली सेवा का संचालन बंद कराया गया था। दृश्यता की स्थिति में सुधार होने के बाद सोमवार से पिथौरागढ़ और चंपावत के लिए हैली सेवा शुरू कर दी गई है। मुन्स्यारी के लिए हैली सेवा अभी शुरू नहीं की गई है। वहां धुआं कम होने के बाद ही हैली सेवा सुचारू कराई जाएगी। -परितोष वर्मा, उपजिलाधिकारी हल्द्वानी