पिथौरागढ़ के भुरमुनी झरने में समय-समय पर हो रही रपिलिंग पर्यटकों को आकर्षिक कर रहा है। संवाद
पिथौरागढ़। कोविड काल में अस्तित्व में आया भुरमुनी झरना नए पर्यटक स्थल के रूप में विकसित हो रहा है। यहां चिलचिलाती गर्मी से निजात पाने के लिए बड़ी संख्या में लोग परिवार के साथ पहुंचकर जल क्रीड़ा का आनंद उठा रहे हैं। यहां बंगाल सहित कई अन्य राज्यों से भी पर्यटक पहुंच रहे हैं। यहां साहसिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए आइस संस्था रैपलिंग का आयोजन कर रही है जो पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है।
जिला मुख्यालय से 16 किमी दूर भुरमुनी गांव का झरना कोविड काल में लगे लॉकडाउन में अस्तित्व में आया था। इसके बाद से यहां बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं। पर्यटन गतिविधियां बढ़ने के बाद से यहां के लोगों की आजीविका में भी सुधार हो रहा है। यहां के लोग भुरमुनी झरने को देखने आ रहे प्रत्येक व्यक्ति से 25 रुपये ले रहे हैं। इससे उनकी आय में सुधार हो रहा है।
आइस संस्था यहां साहसिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए समय-समय पर रैपलिंग का आयोजन कर रही है। वर्तमान में इस झरने तक पहुंचने के लिए पर्यटकों और अन्य लोगों को थोड़ी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं क्योंकि झरने तक जाने वाला रास्ता बदहाल है। इससे रास्ते के दोनों ओर चढ़ने और उतरने के लिए रस्सियां बांधी गई हैं ताकि लोगों को दिक्कत न हो। रास्ते, रेलिंग और चेजिंग निर्माण के लिए आरईएस ने प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा है। इसे अब तक स्वीकृति नहीं मिल पाई है। संवाद
सौंदर्यीकरण के कार्य होने के बाद और बढ़ेंगे सैलानी
पिथौरागढ़। भुरमुनी झरने के आसपास सौंदर्यीकरण के कार्य होने के बाद यहां पर्यटकों संख्या बढ़ेगी। कुछ समय पूर्व भुरमुनी पहुंची डीएम ने भी यहां रास्ता निर्माण और अन्य कार्य कराने का आश्वासन दिया था। ग्रामीणों ने यहां शीघ्र सौंदर्यीकरण और रास्ते के निर्माण की मांग की है। संवाद