श्रीनगर। जिला अर्द्धसैनिक कल्याण बोर्ड की ओर से पूर्व अर्द्धसैनिक बलों के कर्मचारियों और आश्रितों की सोमवार को बैठक हुई। इस मौके पर पूर्व अर्द्धसैनिक बलों के कर्मचारियों की समस्याओं पर चर्चा करते हुए निराकरण की मांग की गई। इस अवसर पर पूर्व अर्द्धसैनिक बलों के कर्मचारियों ने सशस्त्र सुरक्षा बलों की भांति अर्द्धसैनिक बलों के कर्मचारियों को भी सर्विस पे का लाभ देेने की मांग की।
सोमवार को एसएसबी सीटीसी के कला केंद्र में एसएसबी के डीआईजी/जिला कल्याण अधिकारी एसआर गुप्ता की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें बीएसएफ, सीआरपीएफ, एसएसबी, आईटीबीपी और सीआईएसएफ के सेवानिवृत्त कर्मचारियों और आश्रितों ने प्रतिभाग किया।
उन्होंने कहा कि दुश्मन से लड़ते हुए अर्द्धसैनिक बलों के कर्मचारी को शहीद घोषित किया जाना चाहिए। पूर्व की भांति पेंशन का लाभ मिलना चाहिए। उन्होंने प्रत्येक जिले मेें अर्द्धसैनिक कल्याण बोर्ड की स्थापना, सीपीसी कैंटीन को जीएसटी मुक्त करने, सीजीएचएस सुविधा का विस्तार करने और श्रीनगर में सीजीएचएस क्लीनिक खोलने की मांग की।
बैठक में एसएसबी के कमांडेंट डा. विनय अग्रवाल, कमांडेंट डा. ममता अग्रवाल, द्वितीय कमान अधिकारी सुरेंद्र विक्रम, पूर्व केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल के महासचिव सते सिंह रावत, केशवानंद बहुगुणा, दान सिंह कंडारी, कीर्ति सिंह, राजेंद्र कपरवाण, सीता राम जुयाल व चंदन सिंह बिष्ट आदि मौजूद थे।