पौड़ी। उत्तराखंड अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष मुकेश कुमार ने विकास भवन सभागार में जनपद के अनुसूचित जाति के जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक की। उन्होंने विभिन्न विभागों की अनुसूचित जाति के लिए संचालित कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने जनप्रतिनिधियों से योजनाओं के धरातल पर क्रियान्वयन की स्थिति की जानकारी लेते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि श्रीनगर रोड पर स्थित एससीपी के बहुद्देश्यीय भवन के पास स्लॉटर हाउस बनाए जाने के लिए नगर पालिका परिषद पौड़ी एवं समाज कल्याण विभाग को नोटिस जारी किया जाएगा।उन्होंने कहा कि योजनाओं के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्यों में एससीपी के प्रस्ताव निर्धारित प्रतिशत से कम नहीं होने चाहिए। उन्होंने अनुसूचित जाति बाहुल्य बस्तियों व गांवों में एसीपी के तहत कराए जा रहे कार्य गुणवत्ता सहित समयबद्ध ढंग से पूरे किए जाने के निर्देश दिए। कहा कि एससीपी के कार्यों को गति देने के लिए अधिकारी अधिक से अधिक क्षेत्रीय भ्रमण करें।
वित्तीय वर्ष 2024-25 में पर्यटन विभाग की ओर से एससीपी के तहत 94 लाख की 17 योजनाएं सम्मिलित की गई थीं। जिस पर अध्यक्ष ने असंतोष जताते हुए कहा कि इस वर्ष एससीपी लक्ष्य को बढ़ाना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने उद्यान विभाग को कहा कि सब्जी एवं कंदमूल उत्पादन के लिए अधिक से अधिक प्रोत्साहन दिया जाए।
पुलिस विभाग की ओर से वर्ष 2023 से मई 2025 तक एससी एक्ट के अंतर्गत केवल 10 मामले दर्ज किए गए। जिस पर अध्यक्ष ने कहा कि यह आंकड़े न्यून हैं। उन्होंने कोटद्वार क्षेत्र से एससी एक्ट के मामलों में शिकायत दर्ज न होने की शिकायत आयोग को प्राप्त होने की बात कही।
श्रीनगर रोड पर स्थित एससीपी के बहुद्देश्यीय भवन के पास स्लॉटर हाउस बनाए जाने के लिए नगर पालिका परिषद पौड़ी एवं समाज कल्याण विभाग को नोटिस जारी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अन्य जनपदों से भी एससीपी छात्रावासों, बहुद्देश्यीय भवनों के पास कूड़ा डंपिंग, स्लॉटर हाउस आदि के निर्माण की शिकायतें प्राप्त होती रही हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे निर्माण कार्यों के लिए संबंधित अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी।
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चल रहे सर्वेक्षण में कोई भी गरीब अथवा पात्र व्यक्ति छूटने न पाए, इसके लिए उन्होंने परियोजना निदेशक, डीआरडीए को सर्वेक्षण की गहन समीक्षा व सतत निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार अनुसूचित जाति वर्ग के लिए लगातार कार्य कर रही है। विशेष रूप से उन गरीब एवं अशिक्षित व्यक्तियों तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाने के उद्देश्य से प्रत्येक विकासखंड में दो-दो प्रशिक्षुओं का शीघ्र चयन किया जाएगा। ये प्रशिक्षु स्कूलों से लेकर शिविरों तक स्थानीय भाषा में जानकारी देंगे। जिससे शिक्षा के अभाव में योजनाओं को समझने में असमर्थ लोग भी लाभ उठा सकें।
बैठक में सचिव अनुसूचित जाति आयोग कविता टम्टा, सदस्य विशाल मुखिया, परियोजना निदेशक डीआरडीए विवेक कुमार उपाध्याय, डीडीओ मनविंदर कौर, एससी मोर्चा जिलाध्यक्ष नरेंद्र प्रसाद टम्टा, एसीएमओ डॉ. रमेश कुमार, डीएचओ राजेश तिवारी और सीईओ नागेंद्र बर्तवाल आदि मौजूद रहे।