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Don Prakash Pandey: जब संन्यासी बनकर घर आया उत्तराखंड का डॉन, देखकर सभी हैरान; दाऊद को मारने का बनाया था प्लान

Sat, 18 May 2024 04:45 PM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल

सार

Don Prakash Pandey: अल्मोड़ा जेल में उम्रकैद की सजा काट रहे कुख्यात डॉन प्रकाश पांडेय बृहस्पतिवार को कड़ी सुरक्षा के बीच हल्द्वानी के काठगोदाम स्थित अपने घर पहुंचा। डॉन पीपी अपने पिता के पीपलपानी में शामिल होने आया था।
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Don Prakash Pandey - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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अल्मोड़ा जेल में उम्रकैद की सजा काट रहे कुख्यात डॉन प्रकाश पांडेय बृहस्पतिवार को कड़ी सुरक्षा के बीच हल्द्वानी के काठगोदाम स्थित अपने घर पहुंचा। डॉन पीपी अपने पिता के पीपलपानी में शामिल होने आया था। पीपी के पिता की 13 दिन पहले मृत्यु हो गई थी। डॉन प्रकाश पांडेय को पीपलपानी में शामिल होने के लिए सात घंटे की पैरोल मंजूर हुई थी। बता दें कि, कुख्यात डॉन प्रकाश पांडेय अब संन्यासी बन चुका है। प्रकाश पांडेय को पहले देख चुके लोगों ने जब संन्यासी रूप में देखा तो हैरत में रह गए। 

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बता दें कि, बृहस्पतिवार की सुबह 9 बजे डॉन प्रकाश पांडेय अल्मोड़ा से हल्द्वानी आया और यहां से 3 बजे अल्मोड़ा जेल के लिए निकला।

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कुख्यात डॉन प्रकाश पांडेय का नया नाम अब प्रकाश नाथ
17 मार्च को पीपी ने अल्मोड़ा जेल प्रशासन को पत्र लिखकर संन्यासी बनने व मंदिर में पूजा-पाठ करने की अनुमति मांगी थी, लेकिन जेल प्रशासन ने जेल के बाहर पूजा पाठ की अनुमति नहीं दी। वहीं, काठमांडू के नाथ संप्रदाय के आचार्य दंडीनाथ महाराज ने दावा किया है कि 28 मार्च को उन्होंने अल्मोड़ा जेल के अंदर जेल प्रशासन की निगरानी में पीपी को संन्यास की दीक्षा दिलाई। जिसके बाद प्रकाश पांडे उर्फ पीपी नए नाम के साथ योगी प्रकाश नाथ बन गया।

बता दें कि, मुंबई में ब्लास्ट का जिम्मेदार दाउद व छोटा राजन अलग हो गए थे। इसी दौरान प्रकाश पांडे की मुलाकात छोटा राजन से हुई। इसके बाद प्रकाश पांडेय ने दाउद को मारने की ठान ली थी। वर्ष 2010 में पीपी वियतनाम से गिरफ्तार हो गया था। सितारगंज, पौड़ी आदि के बाद वह अल्मोड़ा जेल में बंद है।

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